Holi 2020 Coronavirus Risk: होली से बिल्‍कुल पहले कोरोनावायरस के भारत में आने के साथ ही साल के इस बड़े त्‍योहार को लेकर लोग असमंजस में हैं. वे ये समझ नहीं पा रहे हैं कि होली खेले या नहीं. प्रधानमंत्री मोदी पहले ही कह चुके हैं कि वे इस बार होली मिलन में शिरकत नहीं करेंगे. Also Read - नताशा ने हार्दिक पांड्या संग ससुराल में जमकर खेली होली,भज्‍जी-धवन भी होली के रंग में आए नजर

दरअसल, कोरोनावायरस के मामले जैसे-जैसे बढ़ रहे हैं बच्चों से लेकर बुजुर्ग तक, सभी इस बीमारी के खतरे को लेकर आशंकित हैं. होली नजदीक है मगर बाजारों में रंग, गुलाल और पिचकारी खरीदने वालों की की संख्या बहुत कम है. Also Read - VIDEO: मुंबई में होलिका की जगह जलाया गया कोरोनासुर का पुतला, लोग बोले- 'दूर भागेगा Virus'

क्‍यों है खतरा

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विशेषज्ञ कह रहे हैं कि कोरोनावायरस का खतरा भीड़भाड़ वाली जगहों पर ज्‍यादा है. ऐसी जगहों पर किसी एक वायरस संक्रमित व्‍यक्ति से ये सैकड़ों में फैल सकता है. इसलिए इस वायरस से बचाव के लिए ऐसी जगहों या उत्‍सवों, कार्यक्रमों में जाने से बचें. सरकार ने लोगों को भीड़भाड़ से बचने की सलाह देते हुए इस जानलेवा वायरस के प्रकोप की रोकथाम के लिए एहतियात बरतने की अपील की है.

देश का हाल

 

देश की राजधानी दिल्ली और आसपास के क्षेत्रों में बच्चों में रंगोत्सव होली को लेकर पहले जैसा रोमांच नहीं है. होली से कुछ दिन पहले से ही जहां ऊंची-ऊंची इमारतों की छतों और बालकनी से बच्चे राहगीरों पर पानी भरे गुब्बारे फेंकना शुरू कर देते थे, वहां इस बार बच्चे ऐसी शरारत करने से भी परहेज बरत रहे हैं.

विशेषज्ञों की राय

 

हृदयरोग विषेषज्ञ डॉ. के.के. अग्रवाल का कहना है कि होली में रंग खेलने से कोरोनावायरस फैलने का कोई खतरा नहीं है, लेकिन अगर कोई कोरोना वायरस से संक्रमित मरीज के संपर्क में आता है, तो फिर खतरा है. साथ ही, अगर किसी को खांसी-जुकाम या बुखार आता है तो वह होली न खेले. डॉ. अग्रवाल ने कहा कि कोरोनावायरस के प्रकोप को लेकर घबराने की जरूरत नहीं है, बल्कि एहतियात बरतने की जरूरत है.

बाजार का हाल

 

ग्रेटर नोएडा के मॉल में रंगों, गुलालों और पिचकारियों से दुकान सजी हैं, लेकिन ग्राहक नदारद हैं. एक दुकानदार ने बताया कि तीन दिन पहले तक लोग प्राकृतिक रंग व गुलाल और गुब्बारे खरीदने आते थे, लेकिन अब इक्का-दुक्का ही ग्राहक आते हैं. दिल्ली के एक कारोबारी ने बताया कि इस साल होली पर चीन से आयातित रंग व पिचकारी की मांग बिल्कुल नहीं है.

बता दें कि गाजियाबाद में कोरोनावायरस संक्रमण का एक नया मामला सामने आने के बाद देश में अब तक इससे संक्रमित लोगों की संख्या 30 हो चुकी है. चीन में सबसे पहले कहर बरपाने के बाद अब कोरोनावायरस के प्रकोप की चपेट में दुनिया के कई देश आ चुके हैं. विशेषज्ञ बताते हैं कि इसका कोई इलाज नहीं है, बल्कि इससे बचाव के उपाय किए जा सकते हैं.
(एजेंसी से इनपुट)