Makar Sankranti 2019: मकर संक्रांति का पर्व इस साल 15 जनवरी को मनाया जाएगा. इस दिन तिल-गुड़ का सेवन और दान करने की परंपरा है. Also Read - CAA-NRC पर सवाल, नीतीश कुमार ने जवाब में मुस्कुरा कर जोड़े हाथ, RJD ने साधा निशाना

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तिल-गुड़ के लड्डू बनाए जाते हैं. पर इस दिन तिल खाने और इसके दान का क्‍या महत्‍व है, ये जानें.

तिल दान का महत्‍व

कहा जाता है कि तिल के दान से शनि, राहु, केतु से संबंधित हर तरह के दोष दूर हो जाते हैं. अगर शनि की साढ़ेसाती चल रही है, तो भी हर कष्ट से मुक्ति मिलती है. अगर तिल को गुड़ के साथ मिलाकर दान दिया जाए तो सूर्य व मंगल के दोष समाप्त होते हैं. कई जगह बहते जल में तिल-गुड़ बहाया जाता है, ऐसा करने से हर तरह के कष्ट से मुक्ति मिलती है.

तिल खाना क्‍यों जरूरी?

तिल स्वास्थ्य के नजरिए से बहुत फादयेमंद माना जाता है. कई शोधों में भी ये बात साबित हो गई है कि तिल खाने से स्‍वास्‍थ्‍य को कई तरह के फायदे होते हैं. सबसे पहला फायदा तो यही है कि सर्दियों में तिल खाने से शरीर को ऊर्जा और गर्माहट मिलती है.

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तिल में कई तरह के प्रोटीन, कैल्शियम, विटामिन बी-कॉम्‍प्लैक्‍स और कार्बोहाइट्रेड होते हैं. कैल्शियम और जिंक होने के कारण तिल का सेवन महिलाओं के लिए बहुत अच्‍छा माना जाता है. खासकर 35 साल की उम्र से अधिक की महिलाओं के लिए.

तिल को सौंदर्य में वृद्धि करने वाला भी माना जाता है. इसमें जिंक होता है, जो बालों की सेहत के लिए जरूरी माना जाता है. इसके अलावा काले तिल से इम्यून सिस्टम भी अच्छा रहता है.

इसमें फाइबर और अनसैचुरेटेड फैटी एसिड्स, कब्ज के इलाज में मददगार साबित होते हैं.

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