नई दिल्ली:   शादी करना किसी भी व्यक्ति के जीवन में काफी बड़ा फैसला होता है. वहीं, परिवार को बढ़ाना यानी बच्चा बच्चा पैदा करना उससे भी बड़ा फैसला होता है. शादी के बाद पैरेंट्स बनने का फैसला दोनों पार्टनर्स का होता है. ऐसे में जरूरी है कि इस फैसले के लिए दोनों की सोच आपस में मिलती जुलती हो. पैरेंट बनने का फैसला लेने से पहले दोनों ही पार्टनर को आपस में कुछ चीजें बिल्कुल क्लियर कर लेनी चाहिए. ऐसे में अगर आप भी बच्चे के बारे में सोच रहे हैं तो आपको अपने पार्टनर से कुछ बातें जरूर क्लीयर करनी चाहिए.Also Read - पर्स...मोबाइल या बैग नहीं Ayushmann Khurrana की बीवी अपने बच्चे को ही रेस्टोरेंट में भूल गई, वेटर भागता हुआ आया और...

क्या आप बच्चे के लिए तैयार हैं- जरूरी है कि आप दोनों इस बारे में बात करें कि आप इसके लिए तैयार हैं या नहीं. की बार लोग बड़ों के फ्रेशर में आकर मजबूरी में बच्चे का फैसला ले लेते हैं. ऐसे में जरूरी हैं कि आप एक-दूसरे से पूछे क्या आप बच्चा चाहते हैं? अगर चाहते हैं तो क्या यह उसके लिए सही समय है? क्या आप दोनों मानसिक, शारीरिक और फाइनेंशियल रूप से इसके लिए तैयार हैं? Also Read - Covid 19 Tips: मास्क पहनने में आनाकानी करता है आपका बच्चा? इस टिप्स की मदद से डालें उनकी आदत

बांटनी होंगी जिम्मेदारियां- जब एक बच्चा पैदा होता है पार्टनर्स की जिम्मेदारियां काफी बढ़ जाती हैं. ऐसे में जरूरी है कि आप इसे पहले ही डिस्कस कर लें कि किसकी क्या जिम्मेदारी होगी. यह भी ध्यान रखें अगर कोई काम आपको करना था लेकिन आप नहीं कर पाए तो आपके पार्टनर वो काम कर दें या अगर वह न कर पाए तो आप उसे पूरा कर दें. Also Read - Home Remedies To Remove Baby Hair: शिशु के शरीर से बाल हटाने के लिए केमिकल युक्त प्रोडक्ट नहीं, अपनाएं ये आसान घरेलू उपाय

बच्चे की परवरिश – अपने पार्टनर से यह बातें डिस्कस करें कि आप अपने बच्चे की परवरिश कैसे करना चाहते हैं. आप दोनों अपने-अपने पैरेंटिंग के तरीके और अनुभव एक दूसरे से साझा करें.

ऑफिस जाने के बाद कौन रखेगा बच्चे का ध्यान- आज के दौर में माता और पिता दोनों ही नौकरी करते हैं ऐसे में जरूरी है कि आप ये डिस्कस करें कि आपके जाने के बाद बच्चे का ख्याल कौन रखेगा. आप दोनों बच्चे के जन्म से पहले यह जरूर तय करने की काम पर वापस लौटने की स्थिति में बच्चे की देखभाल कौन करेगा. क्या आप इसके लिए कोई केयरटेकर रखेंगे या बच्चे के दादा -दादी, नाना नानी से कुछ समय तक उनका ध्यान रखने के लिए कहेंगे.

कितने मजबूत हैं आप- लोगों की बातों में आकर बच्चे को अपने रिश्ते को मजबूत करने का एक जरिया ना माने, वरना आप दोनों के रिश्ते के उतार-चढ़ाव के बीच में बच्चा भी जिंदगी भर पिसता रहेगा. इसीलिए पहले अपने रिश्ते को मजबूत करने पर जोर दें.