Work From Home:     कोरोना महामारी के चलते पूरी दुनिया में वर्क फ्रॉम होम (Work From Home) का चलन काफी बढ़ गया है. बहुत सी कंपनियां ऐसी है जिन्हें वर्क फ्रॉम होम करते हुए एक साल से भी ज्यादा हो चुका है. वर्क फ्रॉम होम में जहां लोगों का ट्रेवलिंग का समय और पैसा बच रहा है, वहीं इसके कुछ नुकसान भी सामने आए हैं. वर्क फ्रॉम होम में व्यक्ति को बिना ब्रेक के लगातार काम करना पड़ता है.Also Read - अमेरिका में कोविड के बढ़ते मामलों को देखते हुए एप्पल ने कर्मचारियों को घर से काम करने की दी अनुमति

हाल ही में आई एक नई स्टडी में इस बात का खुलासा किया गया है. साथ ही, इस स्टडी में काम के दौरान शॉर्ट ब्रेक (Short Break) पर भी जोर दिया है. इस नई स्टडी में माना गया कि प्रोडक्टिविटी को इंप्रूव करने के लिए काम के बीच में शॉर्ट ब्रेक लेना काफी जरूरी है. Also Read - कोविड-19: दिल्ली में 1520 नए केस आए, एक मरीज की मौत, संक्रमण रेट 5.10 फीसदी

इस नई स्टडी में 4 मीटिंग में वर्कर्स की ब्रेन एक्टिविटी को मापा गया . इनमें काम के दौरान ब्रेक ना लेने और शॉर्ट ब्रेक लेने वाले वर्कर्स को शामिल किया गया. इसमें देखा गया कि बैक-टू-बैक मीटिंग्स के दौरान तनाव का लेवल बढ़ा, लेकिन बीच में ब्रेक लेने पर वह स्थिर रहा. Also Read - IT Job Alert: TCS और Infosys 90,000 से अधिक फ्रेशर्स की करेंगे भर्ती, वर्क फ्रॉम होम रहेगा जारी