अगर आप अपनी खान-पान पर ध्यान ना दें इससे आपकी सेहत पर बुरा प्रभान पड़ता है खासकर लोगों में आजकल हार्ट की समस्या बेहद बढ़ गई है. हार्ट की बीमारी किसी को भी हो सकती है. ऐसे में आपको अपने खाने पीने पर खास ध्यान देना चाहिए ताकि आपका स्वास्थ लंबे समय तक अच्छा बने रहे. अगर आप अपनी डाइट सही रखते हैं तो आपके दिल का हमेशा स्वस्थ रहता है. Also Read - World Heart Day 2020 Wishes: इस विश्व ह्रदय दिवस के मौके पर दोस्तों और रिश्तेदारों को भेजें ये SMS और कोट्स

अपने हृदय को स्वस्थ रखने के लिए आपको अपनी डाइट सही रखनी होगी, तनाव से बचना होगा, योग को जीवन में शामिल करना होगा. इसके साथ ही आप चाहें तो अपनी खानपान या यूं कहें कि कुकिंग ऑल में भी बदलाव कर सकते हैं. अगर आप इन कुकिंग ऑयल को अपनी डाइट में शामिल करते हैं तो ये आपके हार्ट के लिए हर तरह से फायदेमंद साबित है. Also Read - World Heart Day 2020: हार्ट अटैक जैसी गंभीर बीमारी को चुटकियों में ठीक कर सकती है ये चीज, जानें लाभ

1. अलसी का तेल
अगर आप अलसी के तेल का इस्तेमाल करते हैं तो ये आपकी सेहत के लिए अच्छा होगा. अलसी के तेल का इस्तेमाल आप सलाद और स्मूदी में किया जा सकता है. अगर आपको इसका स्वाद अच्छा ना लगे तो आप दिल की सेहत का ख्याल रखते हुए खा लें. बता दें कि इस तेल में अल्फा-लिनोलिक एसिड होता है जो ओमेगा -3 फैटी एसिड होता है. इसे लेने से आपको इंफ्लेमेशन बीमारियों से बच सकते है. Also Read - World Heart Day 2020: कभी नहीं होंगे हार्ट अटैक के शिकार, बस दिनचर्या में शामिल करें ये चीजें

2. तिल का तेल
तिल का तेल आपके स्वास्थ के लिए बहुत फायेदमंद होता है और ये आपके खाने का स्वाद भी बढ़ाता है. दरअसल इसमें पॉलीअनसैचुरेटेड और मोनोअनसैचुरेटेड फैटी एसिड होते हैं जो शरीर में मौजूद बैड कोलेस्ट्रॉल को कम करता है और ये आपके हार्ट के लिए अच्छा है,

3. एवोकाडो तेल
एवोकाडो तेल का इस्तेाल न केवल खाने में किया जाता है बल्कि इसका तेल भी आपकी सेहत के लिए फायदेमंद होता है. इसमें विटामिन ई.पॉलीअनसैचुरेटेड फैटी एसिड और मोनोअनसैचुरेटेड फैटी एसिड अच्छी मात्रा में पाया जाता है. ये आपके हार्ट के लिए हर तरह से फायेमंद है.

4. जैतून का तेल
जैतून का तेल आपके हार्ट को स्वस्थ रखने का काम करते हैं. इसमें मोनोअनसैचुरेटेड फैटी एसिड ज्यादा पाया जाता है. दरअसल जैतून के तेल के सेवन से कार्डियोवस्कुलर बीमारियों का खतरा 15 फीसदी और कोरोनरी हार्ट डिजीज का खतरा 21 फीसदी कम हो जाता है.