मुंबई: उद्योगपति आनंद महिंद्रा ने शुक्रवार को कहा कि महात्मा गांधी की विरासत हमारे लिए ‘पवित्र’ है और उसे नुकसान पहुंचाने का प्रयास तालिबान द्वारा अफगानिस्तान में मूर्तियां तोड़ने के कृत्य जैसा है. भोपाल सीट पर भाजपा की उम्मीदवार प्रज्ञा ठाकुर द्वारा महात्मा गांधी के हत्यारे नाथूराम गोडसे को देशभक्त बताए जाने से छिड़े विवाद के बीच महिंद्रा ने एक ट्वीट में यह टिप्पणी की.

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मुखर तरीके से अपनी बात रखने वाले उद्योगपति ने कहा, ‘‘75 साल से भारत महात्मा की भूमि रहा है. वह एक मशाल की तरह हैं. दुनिया ने जब अपनी नैतिकता गंवा दी, हमें गरीबी में धकेल दिया गया, लेकिन तब भी हम अमीर थे क्योंकि हमारे पास बापू थे. उन्होंने दुनिया भर में अरबों लोगों को प्रेरित किया.

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प्रज्ञा का नाम लिए बिना या उनके बयान का संदर्भ दिए बिना उन्होंने कहा कि कुछ चीजों को हमेशा पवित्र रहने देना चाहिए. वरना हम, प्रेरित करने वाली या भरोसा देने वाली मूर्तियों को तबाह करते हुए एक दिन तालिबान बन जाएंगे. इस ट्वीट को कुछ ही घंटे में 6000 से ज्यादा बार री-ट्वीट किया गया. नीति आयोग के सीईओ अमिताभ कांत ने भी इसे रीट्वीट किया.