नई दिल्ली: कांग्रेस अपने ही घोषणापत्र से घिर गई है. कांग्रेस पर विरोधी पार्टी बीजेपी के हमले होना तो स्‍वाभाविक है, लेकिन अब देश ख्‍यात कानूनविद ने ही कांग्रेस के घोषणापत्र में अतिसंवदेशनशील कानून की धाराओं में बदलाव के वादे को बकवास बता दिया है. प्रख्यात न्यायविद् सोली सोराबजी ने कांग्रेस पार्टी के चुनावी घोषणापत्र में आपराधिक मानहानि और राजद्रोह पर औपनिवेशिक काल में बने कानूनों को निरस्त करने के वादों को बकवास और अव्यावहारिक बताया.

मंगलवार को जारी घोषणापत्र में पार्टी ने भारतीय दंड संहिता की धारा 499 को हटाने और मानहानि को दीवानी अपराध बना देने का वादा किया. साथ ही पार्टी ने कहा, ”राजद्रोह कानून का दुरुपयोग किया गया और बाद में बने कानूनों के चलते यह व्यर्थ हो गया है.” कांग्रेस पार्टी के वादों पर उनके विचार पूछे जाने पर सोराबजी ने कहा कि यह बकवास है और ऐसे वादे अव्यावहारिक हैं.

कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी महाराष्ट्र के भिवंडी में लंबित आपराधिक मानहानि के एक मामले में मुकदमे का सामना कर रहे हैं. महात्मा गांधी की हत्या के लिए आरएसएस को कथित तौर पर दोष देने के लिए उनके खिलाफ यह मुकदमा दायर किया गया था. हालांकि, सोराबजी ने इस संबंध में कोई भी टिप्पणी करने से इनकार कर दिया.

बता दें कि कांग्रेस ने लोकसभा चुनाव के लिए मंगलवार को अपना घोषणापत्र जारी किया जिसमें गरीबों को न्यूनतम आय योजना (न्याय) के तहत सालाना 72 हजार रुपये देने और किसानों की स्थिति सुधारने के लिए अलग बजट के वादे के साथ जम्मू-कश्मीर में आफ्सपा की समीक्षा की बात की गई है.

पार्टी ने देशद्रोह से जुड़ी धारा खत्म करने, आतंकवाद के खात्मे के लिए पाकिस्तान पर दबाव बनाने, सभी के लिए गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा की उपलब्धता, शिक्षा पर जीडीपी का छह फीसदी खर्च करने, सरकारी सेवाओं की 22 लाख रिक्तियों को भरने, ग्रामीण स्तर पर हर साल लाखों युवाओं को रोजगार देने, राफेल एवं भ्रष्टाचार के अन्य मामलों की जांच कराने, राष्ट्रीय एवं आंतरिक सुरक्षा पर जोर देने तथा अनुसूचित जाति, जनजाति, ओबीसी, अल्पसंख्यकों एवं महिलाओं के विकास के लिए कदम उठाने जैसे कई प्रमुख वादे किए हैं.

कांग्रेस ने अपने चुनावी घोषणापत्र में वादा किया कि जम्मू-कश्मीर में अनुच्छेद 370 सहित संवैधानिक स्थिति में कोई बदलाव नहीं होने दिया जाएगा और सशस्त्र बल (विशेषाधिकार) अधिनियम (आफस्पा) की समीक्षा की जाएगी. पार्टी ने जम्मू-कश्मीर के भारत का अभिन्न हिस्सा होने के अपने रुख को दोहराते हुए यह भी कहा कि सरकार में आने पर राज्य के लोगों से बिना शर्त बातचीत के लिए तीन वार्ताकारों की नियुक्ति की जाएगी.

कांग्रेस ने पाकिस्तान की धरती से भारत के खिलाफ संचालित होने वाली आतंकी गतिविधियों पर अंकुश लगाने का संकल्प व्यक्त करते हुए मंगलवार को कहा कि सरकार में आने के बाद वह पाकिस्तान पर दबाव बनाने के लिए दुनिया के विभिन्न देशों को लामबंद करेगी. उसने यह भी वादा किया कि पाकिस्तान पर अंतरराष्ट्रीय दबाव डालकर उसकी धरती से चलने वाली आतंकी गतिविधियों पर पूरी तरह अंकुश लगाया जाएगा.

कांग्रेस ने वादा किया है कि अगर वह सत्ता में आई तो राफेल मामले और नरेंद्र मोदी सरकार के समय हुए दूसरे सौदों की जांच कराई जाएगी. उसने ने अपने चुनावी घोषणापत्र में यह भी वादा किया है कि सरकार बनने पर वह भीड़ द्वारा पीट पीटकर हत्या (लिंचिंग) और घृणा अपराधों के खिलाफ संसद के पहले सत्र में कानून पारित करेगी.