नई दिल्ली: चुनाव आयोग ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और पूर्व मुख्यमंत्री एवं बसपा प्रमुख मायावती को चुनाव अभियान के दौरान आचार संहिता के उल्लंघन के मामले में नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है. Also Read - कोरोना वैक्सीनेशन के लिए अब चुनाव आयोग के डेटा का होगा प्रयोग, कल से शुरू होगा देशभर में टीकाकरण

उपचुनाव आयुक्त संदीप सक्सेना ने बताया कि योगी को मौजूदा चुनाव प्रक्रिया के दौरान आचार संहिता के उल्लंघन का दूसरा नोटिस जारी किया गया है. उनके खिलाफ मेरठ में एक रैली के दौरान ‘अली’ और ‘बजरंग अली’ वाली टिप्पणी करने को लेकर कारण बताओ नोटिस जारी किया है. नोटिस के अनुसार आयोग ने माना कि प्रथम दृष्टया योगी ने चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन किया है. आयोग ने उनसे शुक्रवार की शाम तक जवाब देने को कहा है. योगी ने लोकसभा चुनावों की तुलना इस्लाम में अहम शख्सियत ‘अली’ और हिंदू देवता ‘बजरंगबली’ के बीच मुकाबले से की थी. Also Read - भाजपा में शामिल होने के 24 घंटे के अंदर ही पूर्व IAS अरविंद शर्मा यूपी विधान परिषद के लिए नामित

अली और बजरंग बली का नाम लिया
भाजपा नेता ने कहा था कि अगर कांग्रेस, सपा, बसपा को अली पर विश्वास है तो हमें भी बजरंग बली पर विश्वास है. योगी ने देवबंद में बसपा प्रमुख मायावती के उस भाषण की तरफ इशारा करते हुए यह टिप्पणी की थी जिसमें मायावती ने मुस्लिमों से सपा-बसपा गठबंधन को वोट देने की अपील की थी. Also Read - पूर्व IAS अरविंद कुमार शर्मा भाजपा में हुए शामिल, दो दिन पहले लिया था VRS, हो सकते हैं यूपी के तीसरे डिप्टी सीएम

मायावती ने कही ये बात
इस बीच आयोग ने मायावती को देवबंद में एक रैली के दौरान मुस्लिम मतदाताओं को कांग्रेस के बजाय सपा बसपा रालोद गठबंधन को वोट देने की अपील की शिकायत पर भी नोटिस जारी किया है. आयोग ने नोटिस में मायावती के बयान से प्रथम दृष्टया आचार संहिता का उल्लंघन होने की बात कहते हुये उनसे 24 घंटे में जवाब देने को कहा है.