नई दिल्ली: मोबाइल फोन उपयोगकर्ताओं को कथित तौर पर चुनाव प्रचार के लिए ऑडियो संदेश भेजे जाने की शिकायत मिलने पर यहां के निर्वाचन अधिकारियों ने आप सुप्रीमो एवं मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को कारण बताओ नोटिस जारी किया है. साथ ही, उन्हें निगरानी समिति से हासिल प्रमाणपत्र सौंपने को कहा है. दरअसल, अधिकारियों को यह शिकायत मिली है कि रिकार्डेड ऑडियो संदेश चुनाव प्रचार के लिए पार्टी ने मोबाइल फोन पर उपयोगकर्ताओं को भेजे हैं.

चुनाव आयोग ने लोकसभा चुनाव के लिए राजनीतिक विज्ञापनों और प्रचार सामग्री को मंजूरी देने को लेकर राज्य एवं जिला स्तरों पर ‘मीडिया एवं निगरानी समिति’ का गठन किया है. पूर्वी दिल्ली के चुनाव अधिकारी के. महेश ने दो मई की तारीख वाले अपने कारण बताओ नोटिस में केजरीवाल से संबद्ध दस्तावेज शनिवार शाम चार बजे से पहले सौंपने को कहा है.

‘बाबर की औलाद’ बयान पर मिला नोटिस, योगी बोले- विरोधी को उखाड़ने-घेरने मंच पर जाते हैं, भजन को नहीं

नोटिस में कहा गया है कि ऐसा नहीं करने पर यह माना जाएगा कि आपके पास कहने के लिए कुछ नहीं है और चुनावी कानून तथा उसके तहत बने नियमों के मुताबिक कार्रवाई शुरू की जाएगी. नोटिस के मुताबिक कमेटी को 23 अप्रैल को एक एप उपयोगकर्ता से इस बारे में शिकायत मिली है कि आम आदमी पार्टी का एक रिकार्डेड संदेश राजनीतिक प्रचार के लिए सभी मोबाइल फोन उपयोगकर्ताओं को भेजा जा रहा है.

इसमें कहा गया है कि समिति ने मामले की जांच की और इस बात की पुष्टि हुई कि आप संयोजक (अरविंद केजरीवाल) के कई रिकार्डेड ऑडियो संदेश पार्टी के राजनीतिक प्रचार के लिए सभी मोबाइल फोन उपयोगकर्ताओं को भेजे जा रहे हैं. नोटिस में कहा गया है चुनाव प्रचार में एक साथ भारी मात्रा में संदेश भेजना भी विज्ञापनों के पूर्व प्रमाणन के दायरे में होगा.

लोकसभा चुनाव से जुड़ी खबरों के लिए पढ़ते रहें India.com