नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को चुनाव में जिताने की राजस्थान के राज्यपाल कल्याण सिंह की अपील से चुनाव आचार संहिता के उल्लंघन की शिकायत पर अलीगढ़ के जिलाधिकारी ने इस मामले के तथ्यों और सबूतों से चुनाव आयोग को अवगत करा दिया है. आयोग के सूत्रों के अनुसार बतौर राज्यपाल सिंह के बयान से आचार संहिता का उल्लंघन होने की जांच इन सबूतों के आधार पर की जायेगी. Also Read - Independence Day 2020 Speech: स्वतंत्रता दिवस पर स्पीच देते समय ध्यान रखें ये बातें, हर कोई हो जाएगा आपसे इंप्रेस

उल्लेखनीय है कि सिंह ने हाल ही में अपने गृह जनपद अलीगढ़ में अपने आवास पर भाजपा कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुये मोदी को फिर से प्रधानमंत्री बनाने की अपील की थी. आयोग के एक अधिकारी ने बताया कि अलीगढ़ के जिलाधिकारी ने उस कार्यक्रम की विस्तृत जानकारी और संबोधन के विडियो टेप सहित अन्य सबूत आयोग को सौंप दिये हैं. इनके आधार पर आयोग इस बात की जांच करेगा कि संवैधानिक पद पर आसीन सिंह के बयान से आचार संहिता का उल्लंघन हुआ या नहीं. Also Read - First Independence Day celebrations In India: भारत ने ऐसे मनाया था अपना पहला स्वतंत्रता दिवस, देखें तस्वीरें

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कल्याण सिंह ने 23 मार्च को अलीगढ़ में लोकसभा चुनाव के मद्देनजर टिकट वितरण से नाराज स्थानीय भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं से अपने आवास पर मुलाकात के दौरान यह बयान दिया था. समझा जाता है कि उन्होंने अपने बयान में कहा था, ‘‘हम सब भाजपा के कार्यकर्ता हैं. हम चाहते हैं कि मोदी जी फिर से प्रधानमंत्री बनें.’’ उल्लेखनीय है कि 1990 में चुनाव आयोग ने हिमाचल प्रदेश के तत्कालीन राज्यपाल गुलशेर अहमद की चुनाव में अपने पुत्र के पक्ष में चुनाव प्रचार करने पर नाराजगी जाहिर की थी. इसके बाद अहमद ने राज्यपाल पद से इस्तीफा दे दिया था.