नई दिल्ली: दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) ने सोमवार को कहा कि उनके कार्यालय को कारण बताओ नोटिस पर मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल का जवाब मिल गया है. यह नोटिस भाजपा नेता विजेंदर गुप्ता और उत्तर पश्चिम दिल्ली से पार्टी के उम्मीदवार हंसराज हंस की शिकायतों के मद्देनजर हाल में जारी किये गए थे.

हंसराज हंस के मामले में केजरीवाल के अलावा सीईओ कार्यालय की ओर से नोटिस आप मंत्री राजेंद्र पाल गौतम और आप उम्मीदवार गुगन सिंह को भी भेजे गए थे. इन सभी को अपने जवाब शनिवार शाम पांच बजे तक देने थे. दिल्ली के सीईओ रणबीर सिंह ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘हंसराज हंस के मामले में हमें केजरीवाल की ओर से जवाब मिल गया और उन्होंने अपने जवाब में कहा है कि ‘‘आचार संहिता का कोई उल्लंघन नहीं हुआ है.’’ उन्होंने कहा, ‘‘हमने जवाब चुनाव आयोग को अग्रेषित कर दिये हैं.’’

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दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने केजरीवाल और अन्य से जवाब मांगा था. आयोग ने जवाब इन लोगों से हंस पर यह आरोप लगाने के लिए मांगे थे कि उन्होंने 2014 में इस्लाम अपना लिया था. इन लोगों से जवाब यह दावा करने के लिए भी मांगे गए थे कि हंसराज हंस यह चुनाव नहीं लड़ सकते क्योंकि यह सीट अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित है. सीईओ ने कहा कि दिल्ली के मुख्यमंत्री और आप सुप्रीमो ने उस दूसरी शिकायत पर भेजे गए कारण बताओ नोटिस का भी जवाब दे दिया है. उक्त नोटिस दिल्ली विधानसभा में विपक्ष के नेता गुप्ता की शिकायत पर भेजा गया था. गुप्ता ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया था कि पार्टी की ओर से पर्चे बांटे जा रहे हैं जिनमें मतदाताओं से कहा गया है कि वे कांग्रेस और भाजपा से ‘‘रिश्वत ले लें’’ लेकिन 12 मई को होने वाले चुनाव में वोट आप को दें.

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