नई दिल्ली: आईएएनएस-सीवीओटीआर के एग्जिट पोल के अनुसार, तमिलनाडु में द्रमुक को लाभ होने की उम्मीद है, लेकिन दक्षिणी राज्य में सत्तासीन अन्नाद्रमुक के रहते व्यापक रूप से जीत दर्ज करने की उसकी संभावनाएं काफी दूर हैं. 2014 के लोकसभा चुनाव में अन्नाद्रमुक ने 39 सीटों में से 37 सीटों पर जीत दर्ज की थी, जबकि इस बार उसे 10 सीटें मिल सकती हैं. हालांकि राज्य में अपनी एक सीट को बचाए रखने में भाजपा कामयाब हो सकती है.

द्रमुक जो राज्य में क्लीन स्वीप की उम्मीद लगाए बैठी थी, उसे 22 सीटों के साथ संतोष करना पड़ेगा. कांग्रेस का जहां पिछली बार खाता भी नहीं खुला था, इस बार बेहतर प्रदर्शन करते हुए वह पांच सीटें जीत सकती है. भाजपा ने बड़ी उम्मीद के साथ अन्नाद्रमुक का हाथ थामा था, लेकिन उसका उतना फयदा होता नहीं दिखाई दे रहा है.

दूसरी ओर, द्रमुक चुनाव बाद के गठबंधनों को एक साथ रखने में सक्रिय रहा है, लेकिन लगता नहीं है कि इस संख्या से वह अपनी सौदेबाजी की शक्ति को मजबूत कर पाएगी. संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (संप्रग) को तमिलनाडु में 43.1 फीसद वोट प्रतिशत मिल सकता है. वहीं राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) को 37.2 फीसदी वोट मिलने की उम्मीद है.