नई दिल्ली: सपा-बसपा-रालोद महागठबंधन की हो रही चौथी रैली में आज अलग तरह का दृश्य देखने को मिला. मैनपुरी में मायवती मुलायम सिंह यादव एक साथ मंच पर है. गेस्ट हाउस कांड के 23 साल बाद ये पहला मौका है, जब उत्तर प्रदेश की राजनीति के दो विपरीत धुरी माने जाने वाले दोनों नेता एक साथ आए हैं. रैली में मुलायम सिंह यादव ने सम्बोधित किया है. वहीं रैली में ‘सपा-बसपा आई है’ का नारा लगा.

जहां ये रैली हो रही है, उस मैनपुरी लोकसभा सीट से मुलायम सिंह यादव प्रत्याशी हैं. मायावती मुलायम सिंह यादव के लिए वोट की अपील करेंगी. मैनपुरी की क्रिश्चियन फील्ड में होने वाली इस रैली में मायावती और मुलायम के मंच साझा कर रहे हैं.इसके जरिये महागठबंधन प्रतिद्वंद्वियों को यह संदेश दे रहा है कि सभी दल भाजपा के खिलाफ एकजुट हैं.


शुरू में ऐसी खबरें थीं कि मुलायम रैली में शामिल नहीं होंगे, लेकिन मुलायम सिंह यादव इसमें शामिल हुए हैं. मालूम हो कि वर्ष 1993 में गठबंधन कर सरकार बनाने वाली सपा और बसपा के बीच पांच जून 1995 को लखनऊ में हुए गेस्ट हाउस काण्ड के बाद जबर्दस्त खाई पैदा हो गयी थी. हालांकि लोकसभा चुनाव से पहले सपा से हाथ मिलाने के बाद मायावती स्पष्ट कर चुकी हैं कि दोनों पार्टियों ने भाजपा को हराने के लिये आपसी गिले-शिकवे भुला दिये हैं. अब सबकी निगाहें कल मायावती के सम्बोधन पर होंगी.