पटनाः पटना साहिब लोकसभा सीट पर मुकाबला बेहद तगड़ा है. यहां से भाजपा की ओर से केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद मैदान में हैं, लेकिन पार्टी के राज्यसभा सांसद आरके सिन्हा यहां से टिकट चाहते थे. टिकन नहीं मिलने के कारण वह नाराज चल रहे हैं. इसी नाराजगी को दूर करने के लिए आरएसएस के सर कार्यवाह भैयाजी जोशी ने सिन्हा से बुधवार को पटना में मुलाकात की. इस मुलाकात को महत्वपूर्ण पटना साहिब सीट पर होने जा रहे चुनाव से पहले पार्टी के नेताओं के बीच मतभेदों को दूर करने के प्रयासों के तौर पर देखा जा रहा है.

सिन्हा, स्वयं या अपने बेटे ऋतुराज के लिए पटना साहिब से पार्टी का टिकट चाहते थे. यह सीट केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद को दी गयी. जिसके चलते बताया जाता है कि सिन्हा भाजपा नेतृत्व से नाराज थे. यह सीट वर्तमान में अभिनेता से नेता बने शत्रुघ्न सिन्हा के पास है, जिन्होंने पिछले महीने भाजपा छोड़ दी और कांग्रेस उम्मीदवार के रूप में वह इसी सीट से फिर चुनाव लड़ रहे हैं.

वर्ष 2008 के परिसीमन के बाद अस्तित्व में आयी इस लोकसभा सीट पर भाजपा के प्रत्याशी के तौर पर शत्रुघ्न सिन्हा 2009 और 2014 के चुनावों में विजयी रहे थे .प्रसाद की उम्मीदवारी की घोषणा होने के बाद जब वह पिछले महीने यहां आये थे तो पटना हवाई अड्डे पर उनके एवं सिन्हा के समर्थकों के बीच झड़प हुई थी. सिन्हा और प्रसाद दोनों ही एक ही जाति से आते हैं.

जोशी के साथ यहां आरएसएस कार्यालय में लगभग एक घंटे तक सिन्हा की बैठक हुई. बाद में सिन्हा ने इस बैठक के बारे में यह कहते हुए टिप्पणी करने से इंकार कर दिया कि संघ के साथ विचार-विमर्श को सार्वजनिक नहीं किया जाता है. पटना साहिब के चुनाव के बारे में पूछे गए सवालों के जवाब में उन्होंने कहा कि आरएसएस के साथ उनकी वार्ता के दौरान चुनाव को लेकर चर्चा नहीं हुई. हम उस बारे में फिर कभी बात कर सकते हैं. पटना साहिब संसदीय क्षेत्र में सातवें और अंतिम चरण में 19 मई को मतदान होना है.

(इनपुट-भाषा)