मुंबई: सूचना के अधिकार (आरटीआई) के तहत खुलासा हुआ है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और उनकी मंत्रिपरिषद् ने पिछले पांच वर्ष में विदेशी और घरेलू यात्रा पर 393 करोड़ रुपये खर्च किए. कैबिनेट मंत्रियों, प्रधानमंत्री और राज्यमंत्रियों के खर्च का अलग-अलग ब्यौरा दिया. आरटीआई के जवाब के मुताबिक कैबिनेट मंत्रियों और प्रधानमंत्री ने विदेशी और घरेलू दौरे में 311 करोड़ रुपए खर्च किए, जबकि राज्यमंत्रियों ने 82 करोड़ रुपए खर्च किए.

महानगर के आरटीआई कार्यकर्ता अनिल गलगली ने प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) में आरटीआई दायर कर प्रधानमंत्री और उनके मंत्रिपरिषद् द्वारा मई 2014 से अब तक कुल विदेशी यात्रा खर्च और घरेलू यात्रा खर्च की जानकारी मांगी थी.

मोदी सरकार ने दिसम्बर 2018 में राज्यसभा में विदेशी यात्रा खर्च पर पूछे गए सवाल के जवाब में कहा था कि चार्टर्ड विमानों, विमानों की देखरेख और मोदी की विदेश यात्रा के दौरान के हॉटलाइन सुविधाओं पर जून 2014 से 2021 करोड़ रुपए से अधिक खर्च हुए हैं.

गलगली की तरफ से दायर आरटीआई में खुलासा हुआ कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और उनकी कैबिनेट ने विदेश दौरे पर 263 करोड़ रुपए खर्च किए, जबकि घरेलू दौरे में 48 करोड़ रुपए खर्च हुए. आरटीआई में जानकारी दी गई है कि राज्यमंत्रियों ने विदेशी दौरे पर 29 करोड़ रुपये और घरेलू दौरे पर 53 करोड़ रुपए खर्च किए.

कैबिनेट मामलों के भुगतान एवं लेखा कार्यालय के वरिष्ठ लेखा अधिकारी सतीश गोयल ने सवालों के जवाब में कहा कि वित्त वर्ष 2014-15 से 2018-19 तक प्रधानमंत्री और मंत्रियों के विदेशी दौरे और घरेलू दौरे पर कुल खर्च 393.58 करोड़ रुपए हुए.

ई-लेखा रिपोर्ट का हवाला देते हुए गोयल ने कैबिनेट मंत्रियों, प्रधानमंत्री और राज्यमंत्रियों के खर्च का अलग-अलग ब्यौरा दिया.
आरटीआई के जवाब के मुताबिक कैबिनेट मंत्रियों और प्रधानमंत्री ने विदेशी और घरेलू दौरे में 311 करोड़ रुपए खर्च किए, जबकि राज्यमंत्रियों ने 82 करोड़ रुपए खर्च किए.