अकलुज: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को ”सभी मोदी चोर क्यों है” बयान को लेकर राहुल गांधी को घेरते हुए कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष ने यह बयान देकर उस पिछड़े समुदाय की छवि खराब करने की कोशिश की है, जिससे वह ताल्लुक रखते हैं. मोदी ने कहा, कांग्रेस और उसके सहयोगियों का कहना है कि समाज में सभी मोदी चोर हैं. कांग्रेस और उसके सहयोगियों ने मेरी पिछड़ी जाति को अपशब्द कहने में कोई कसर नहीं छोड़ी. इस बार तो उन्होंने सीमाएं ही लांघ दीं और पूरे पिछड़े समुदाय को अपशब्द कह डाले. प्रधानमंत्री मोदी ने ये बात बुधवार को महाराष्‍ट्र के जिले सोलापुर के अकुलज में बीजेपी की रैली को संबोधित करने के दौरान कही.

मोदी ने कहा, कांग्रेस पिछड़े समुदाय की मेरी पृष्ठभूमि को लेकर कई वर्षों से मेरा अपमान करती आई है. उन्होंने कहा, मैं इस प्रकार के हमलों का आदी हो गया हूं. अब वे मुझे बदनाम करते हुए पूरे समुदाय की छवि खराब कर रहे हैं. यदि आप पूरे समुदाय को अपमानित करने की कोशिश करते हैं तो मैं यह नहीं सहूंगा. मुझे चोर कह कर पूरे पिछड़े समुदाय को यह तमगा क्यों दिया जाए.

मोदी ने गांधी की आलोचना करते हुए कहा, ‘नामदार’ ने पहले ‘चौकीदार चोर है’ कहा था. अब वे एक पिछड़े समुदाय (मोदी समुदाय) की छवि खराब करने की कोशिश कर रहे हैं. पिछड़े समुदाय से होने के कारण मैं इस पीड़ा का आदी हो गया हूं. बता दें कि राहुल गांधी ने हाल ही में कथित तौर पर कहा था, मेरा एक प्रश्न है. सभी चोरों के नाम में मोदी क्यों होता है, भले ही वह नीरव मोदी हो, ललित मोदी हो और नरेंद्र मोदी हो? हमें नहीं पता कि ऐसे और कितने मोदी आएंगे.

मोदी ने यहां एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए शरद पवार की वंशवाद की राजनीति की आलोचना की और दावा किया कि राकांपा प्रमुख माधा लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र में चुनावी मैदान से इसलिए भाग गए क्योंकि, उन्हें अपनी हार का अहसास हो गया था. प्रधानमंत्री ने कहा कि पीएम ने कहा कि वो लोग जो दिल्‍ली में एसी रूम में बैठे रहते हैं, चीजों का गुणाभाग लगाते रहते हैं कि क्‍या घटेगा तो इसके बाद कौन किसे गले लगाएगा, उन्‍हें जमीनी हकीकत पता नहीं है. अब मैं जानता कि क्‍यों शरद राव युद्ध के मैदान से भाग खड़े हुए. मोदी ने कहा शरद राव भी बड़े खिलाड़ी हैं, वो समय से पहले हवा का रुख समझ जाते हैं और वो कभी ऐसा कुछ नहीं करते जिसके कारण उनको और उनके परिवार को खरोंच आ जाए. बाकी कोई भी बली चढ़ जाए तो चढ़ जाए.