नई दिल्ली/वायनाड. कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने गुरुवार को केरल के वायनाड से नामांकन भरा. इस दौरान उन्होंने कहा, मैं प्रदेश के लेफ्ट सरकार के खिलाफ एक शब्द नहीं कहूंगा. उन्होंने कहा कि वह उत्तर से दक्षिण तक बीजेपी और उसके वैचारिक संगठन आरएसएस के मंसूबों के खिलाफ लड़ रहे हैं

राहुल ने कहा, यहां कांग्रेस और सीपीएम के बीच कश्मकश है और हो सकता है यह लड़ाई आगे भी जारी रहेगी. लेकिन मैं यहां केरल के लोगों से साफ तौर पर कह देना चाहता हूं कि सीपीएम की तरफ से मेरे ऊपर लगाए जा रहे सभी आरोपों का सामना करने के दौरान मैं किसी भी तरह का आरोप सीपीएम पर नहीं लगाऊंगा. आप मेरे मुंह से सीपीएम के खिलाफ एक शब्द नहीं सुनेंगे.

राहुल ने वायनाड से लड़ने की ये वजह बताई
राहुल गांधी ने कहा, उत्तर, उत्तर पूर्व यहां तक कि दक्षिण में आरएसएस और बीजेपी यहां की संस्कृति को खत्म करना चाहते हैं. मैंने फैसला लिया है कि मैं उनका काउंटर करूंगा. यही कारण है कि मैं दक्षिण में भी एक जगह से चुनाव लड़ रहा हूं. मैं ऐसा महसूस करता हूं कि यहां के सभी संस्थानों को नरेंद्र मोदी द्वारा नुकसान पहुंचाया गया है. इसी कारण मैंने निर्णय लिया है कि मैं दक्षिण भारत और उत्तर भारत दोनों जगह से चुनाव लड़ूंगा. मैं केरल सिर्फ इसलिए आया हूं कि ये बता सकूं कि भारत एक है.

प्रकाश करात ने ये कहा
दूसरी तरफ सीपीएम नेता प्रकाश करात ने कहा कि राहुल गांधी का केरल से चुनाव लड़ना कांग्रेस के खिलाफ जाएगा. क्योंकि सबको पता है कि वहां बीजेपी से लेफ्ट पार्टी संघर्ष कर रही है. राहुल गांधी का वहां से लड़ना बताता है कि राहुल लेफ्टे के खिलाफ लड़ रहे हैं. इसका हम मजबूती से विरोध करेंगे. उन्होंने कहा कि हम पूरी कोशिश करेंगे कि राहुल गांधी को वायनाड से हरा दें.