गुवाहाटीः भाजपा महासचिव राम माधव ने रविवार को कहा कि असम के वित्त मंत्री हिमंत बिस्व सरमा की अहमियत पूर्वोत्तर में क्षेत्र से जुड़े मामलों में पार्टी अध्यक्ष अमित शाह से ज्यादा है. माधव ने यह पूछे जाने पर यह बात कही कि 25 सीटों का जिम्मेदार होने के बावजूद सरमा चुनाव क्यों नहीं लड़ सकते जबकि अमित शाह भाजपा अध्यक्ष होने के बाद भी गांधी नगर से चुनाव लड़ रहे हैं.Also Read - Parliament Monsoon Session 2021: अभी तैयार नहीं हुए CAA के नियम, केंद्र ने कहा- 6 महीने और लगेंगे

बिस्व सरमा ने अपनी राजनीति की शुरुआत कांग्रेस पार्टी से की थी. वह 2001 से 2015 तक असम की जालुकबारी सीट से विधायक रहे. इसके बाद अगस्त 2015 में वह भाजपा में शामिल हो गए. 2016 में असम विधानसभा चुनाव में भाजपा को शानदार जीत दिलाने के में बिस्व सरमा की अहम भूमिका रही. वह पूर्वोत्तर में भाजपा के नार्थ-इस्ट डेमोक्रेटिक अलायंस के संयोजक हैं. Also Read - Assam-Mizoram Border Dispute: असम पुलिस के 6 जवानों की मौत पर जश्न, सीएम हिमंता ने वीडियो ट्वीट कर कहा-भयावह, दुखद

राम माधव ने यहां एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, “इसका मतलब यह है कि शायद हिमंता बिस्व सरमा पर अमित से ज्यादा बोझ है, क्योंकि उन्हें यहां 5-6 सरकारें संभालनी हैं. उन्हें पूर्वोत्तर में पूरे चुनाव का अभियान संभालना है.” दरअसल, भाजपा की राज्य इकाई हिमंत बिस्व सरमा को लोकसभा चुनाव लड़वाने की मांग कर रही थी, लेकिन पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने सभी अटकलों पर विराम लगाते हुए ट्वीट किया था कि सरमा को राज्य के विकास और पूर्वोत्तर में पार्टी के आधार को मजबूत करने पर ध्यान केंद्रित करने के लिए कहा गया है. Also Read - मिजोरम के साथ सीमा विवाद में झड़प, असम पुलिस के 6 कर्मियों की गई जान; अमित शाह ने मुख्यमंत्रियों से की बात