Baal Ki Chori: इंदौर से हावड़ा जा रही ट्रेन से बाल की चोरी होने का एक अनोखा मामला सामने आया है. हालांकि चोरी के इस मामले में अबतक प्राथमिकी दर्ज नहीं हुई है, लेकिन चोरी हुए बालों की कीमत 60 लाख रुपये बताई जा रही है. जानकारी के मुताबिक इंदौर से हावड़ा जाने वाली ट्रेन से 10 क्विंटल से ज्यादा बाल चोरी हो गए हैं चोरी गए बालों के इस मामले में महाराष्ट्र के फेरी वाले FIR दर्ज कराने के लिए लगातार RPF के चक्कर काट रहे हैं.Also Read - MP News: मध्यप्रदेश के मुरैना जिले में आकाशीय बिजली गिरने से तीन लोगों की मौत

5 हजार में बिकते हैं 1 किलो बाल Also Read - West Bengal News: पश्चिम बंगाल में दिलीप घोष की जगह सुकांता मजूमदार बने BJP प्रदेश अध्यक्ष

फेरी वालों ने बताया कि वे एक किलो बाल 5 हजार रुपए तक में बेचते हैं और बाल इकट‌्ठा करने के लिए वे गली-गली घूमते हैं. बालों को खरीदने की शर्त यह होती है कि बाल कटे हुए नहीं केवल कंघी से गिरे हुए हों और वे भी महिलाओं के ही हों. यानी कि हर बाल की लंबाई कम से कम 8 इंच होना चाहिए, इसकी वजह ये है कि इन्हीं बालों से विग बनाए जाते हैं. कोलकाता से 90% बाल विग बनाने के लिए चीन भेजे जाते हैं और 10% बालों का विग कोलकाता में ही बनाया जाता है. Also Read - BJP छोड़ राजनीति से संन्यास का किया था ऐलान, 'दीदी की TMC' आकर बोले बाबुल सुप्रियो-अब खुश हूं

ट्रेन से बाल हो गए चोरी

फेरी लगाने वाले सुनील ने एक अखबार से बातचीत में बताया, ‘महाराष्ट्र के 150 लाेग इंदौर समेत आसपास के इलाकों में घर-घर जाकर बाल इकट्‌ठा करते हैं और 10 ग्राम बाल 20 रुपए तक में खरीदते हैं. 6 जुलाई 2021 को इंदौर रेलवे स्टेशन से कोलकाता-हावड़ा के लिए 22 बोरे बाल बुक कराए थे, जिसका बिल्टी नंबर 63498 था. इसमें तय समय पर सिर्फ 3 बोरे ही हावड़ा पहुंचे, जबकि बाल से भरे 19 बोरी चोरी हो गए.

फेरीवालों का आरोप- पुलिस नहीं कर रही मदद

इसके बाद फेरीवाले जब इंदौर में FIR कराने पहुंचे तो पुलिस ने मामला दर्ज करने से इनकार कर दिया और कहा कि उनके पास जो बिल्टी है उनमें नकली बालों का जिक्र है और कीमतें भी कम लिखी गई हैं. इस वजह से प्राथमिकी दर्ज नहीं की जा सकती है. वहीं, इंदौर RPF के प्रभारी हरीश कुमार का कहना है कि हमने कोलकाता के हावड़ा पार्सल विभाग से संपर्क किया है और अगर हमें हावड़ा में बाल की बोरियां अगर नहीं मिलती हैं, तो मामला दर्ज किया जाएगा.

फेरीवालों का कहना है कि हम कई सालों से बाल हावड़ा भेजने का काम कर रहे हैं, लेकिन इस बार रेलवे के पार्सल विभाग की लापरवाही से हमारे एक साल की कमाई पर पानी फिर गया है और पुलिस भी हमारी मदद नहीं कर रही है.