सिवनी (मध्य प्रदेश): मध्यप्रदेश के सिवनी में स्वयंभू गौरक्षकों ने गोमांस ले जाने के संदेह में दो लोगों की कथित रूप से डंडे से पिटाई कर दी और एक महिला को उसके साथियों से ही चप्पल से पिटवाया. मामले में पांच लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि गोमांस ढोने के मामले में तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है. स्वयंभू गौरक्षकों ने पूरी घटना का वीडियो खुद ही सोशल मीडिया पर डाला. घटना 22 मई की सुबह मंडला रोड स्थित डूंडा सिवनी थाना क्षेत्र की है और इसका वीडियो 23 मई को वायरल हुआ.

वीडियो वायरल होने के बाद पांच गौरक्षकों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया. उन्हें शुक्रवार को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया गया, जहां अदालत ने सभी को 15 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है. पुलिस ने कथित रूप से गौमांस ले जाने के आरोप में तीनों पीड़ितों पर भी मामला दर्ज किया है और उन्हें भी गिरफ्तार किया गया है. अदालत ने उन्हें भी 15 दिनों की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया.

घटना की पुष्टि करते हुए सिवनी पुलिस अधीक्षक ललित शाक्यवार ने शनिवार को बताया, ‘‘वायरल वीडियो में मारपीट कर रहे पांच गौरक्षकों पर त्वरित कार्रवाई करते हुए डूंडासिवनी थाना पुलिस ने इनके खिलाफ मामला दर्ज कर शुक्रवार को गिरफ्तार कर लिया.’’ शाक्यवार ने बताया कि गोमांस ले जाने के आरोप में पकड़े गए दिलीप मालवीय (24), अंजुम उर्फ समा अंसारी (33) एवं तौशीफ खान (20) को 22 मई को गिरफ्तार कर उसी दिन अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें 15 दिन के लिए जेल भेज दिया गया है.

शाक्यवार ने बताया कि इन तीनों आरोपियों के कब्जे से एक स्कूटर एवं आटो रिक्शा में रखा 140 किलोग्राम गोमांस भी जब्त किया गया है. उन्होंने कहा कि इन तीनों पर मध्यप्रदेश गोवंश अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है. शाक्यवार ने बताया कि कथित तौर पर गोमांस ले जाने वालों से मारपीट करने की घटना में शामिल शुभम बघेल (25), योगेश उइके (19), दीपेश नामदेव ((31), रोहित यादव (22) एवं श्यामलाल डहेरिया (43) को शुक्रवार को गिरफ्तार कर लिया गया. वायरल वीडियो में एक महिला सहित तीन लोगों की पिटाई की जा रही है और गौरक्षक उनसे धार्मिक नारा लगवाते हुए दिख रहे हैं. शाक्यवार ने कहा कि मामले की विस्तृत जांच जारी है.