भोपाल: मध्यप्रदेश में कोरोना वायरस संक्रमण को पूरी तरह से समाप्त करने के लिए एक जुलाई से ‘‘किल कोरोना’’ अभियाना चलाया जायेगा. इस अभियान के तहत घर-घर सर्वेक्षण कर कोविड-19 के साथ ही अन्य बीमारियों से संबंधित जानकारी जुटायी जाएगी. मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने शनिवार को मंत्रालय में वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिये प्रदेश में संक्रमण की स्थिति एवं व्यवस्थाओं की समीक्षा की . उन्होंने कहा कि प्रदेश में संक्रमण को पूरी तरह समाप्त करने के लिए आगामी एक जुलाई से ‘किल कोरोना अभियान’ चलाया जाएगा. Also Read - तमिलनाडुः 15 फीट विशालकाय किंग कोबरा देख उड़े लोगों के होश, कुछ ऐसे पाया छुटकारा

चौहान ने बताया, ‘‘इस अभियान के अंतर्गत 15 दिन में लगभग 2.5 से तीन लाख जांच की जाएगी. प्रतिदिन लगभग 15 से 20 हजार नमूने लिए जाएंगे. वर्तमान में प्रति दस लाख आबादी पर लगभग चार हजार जांच हो रही है, जो बढ़कर लगभग दोगुनी यानी आठ हजार हो जाएगी.’’ Also Read - BMC ने अमिताभ के 'जलसा' को कंटेनमेंट जोन घोषित क‍िया, पुलिस ने अस्‍पताल और दो बंगलों की सुरक्षा बढ़ाई

मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश में संक्रमण से ठीक होने की दर 76.9 प्रतिशत हो गई है, जबकि देश में इसकी दर 58.1 प्रतिशत है. उन्होंने कहा कि कोविड-19 के मौजूदा मरीजों की दृष्टि से मध्यप्रदेश भारत में 13 वें स्थान पर है. Also Read - Full Lockdown in Madhya Pradesh: कोरोना वायरस के चलते फिर से थमी मध्य प्रदेश की रफ्तार, राज्य में लागू हुआ टोटल लॉकडाउन

अब कुल मामलों की संख्या की दृष्टि से मध्यप्रदेश नौवें स्थान पर आ गया है. मध्यप्रदेश में शनिवार को कोरोना वायरस के कुल मरीजों की संख्या 12,965 हो गयी. प्रदेश में संक्रमण से 550 लोगों की मौत हो चुकी है.

आपको बता दें कि शनिवार को कोरोना वायरस संक्रमण के कारण लागू लॉकडाउन की वजह से पाकिस्तान में फँसे मध्यप्रदेश के 15 नागरिकों को अटारी-बाघा सीमा तक वाहन भेजकर वापस लाया गया है. मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को जैसे ही इस संबंध में जानकारी मिली, उन्होंने तुरंत अटारी-बाघा सीमा से उन्हें वापस लाने के लिये जरूरी प्रबंध करने के निर्देश दिये थे.

प्रदेश के अपर मुख्य सचिव एवं प्रभारी स्टेट कंट्रोल-रूम आई.सी.पी. केशरी ने शनिवार को बताया कि वापस लाये गये नौ नागरिकों में इंदौर की राधा कुमारी, सुनील ठाकुर, कवि कुमार, शोभावंती, प्रीति गवलानी, नंदलाल पृथयानी, सरला माधवानी, गीता चंदनानी और अनिल कुमार वासानी हैं. उन्होंने कहा कि इसी तरह भोपाल के छह नागरिकों में रुक्मणि, इस्लाउद्दीन, शाजिया एरम, अलफेजुद्दीन, इंशराह काजी और मोहम्मद आरेजुद्दीन शामिल हैं.