नई दिल्ली: मध्य प्रदेश में बीजेपी ने अपनी हार मान ली है. 15 सालों तक राज्य में मुख्यमंत्री रहे शिवराज सिंह चौहान ने बुधवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि बीजेपी को स्पष्ट बहुमत नहीं मिला है इसलिए बीजेपी सरकार बनाने का दावा पेश नहीं करेगी. उन्होंने कहा कि मैं प्रदेश के जनादेश के सामने सिर झुकाता हूं. उन्होंने कांग्रेस को जीत के लिए बधाई भी दी. प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद शिवराज सिंह चौहान ने इस्तीफा दे दिया.Also Read - Pankaj Singh's Profile: जानें बिहार में जन्मे, दिल्ली में पढ़े और नोएडा से विधायक पंकज सिंह का सफरनामा

बता दें कि मध्य प्रदेश में किसी भी पार्टी को स्पष्ट बहुमत नहीं मिला है. कांग्रेस 114 सीटों के साथ सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है. वहीं बीजेपी को 109 सीटें मिली हैं. हालांकि कांग्रेस पहले ही सरकार बनाने का दावा पेश कर चुकी है. उसने राज्यपाल आनंदीबेन पटेल को रात में ही फैक्स और ई-मेल भेज दिया था. Also Read - Dinesh Sharma's Profile: अटल बिहारी वाजपेयी ने मांगे थे जिनके लिए वोट, जानें उन दिनेश शर्मा के बारे में सब कुछ

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इससे पहले बीएसपी प्रमुख मायावती ने कांग्रेस को समर्थन देने का वादा किया था. राज्य में कांग्रेस को सरकार बनाने के दो सीटों की दरकार है. मायावती ने कहा, तीनों राज्यों में जनता ने बीजेपी को मौका नहीं दिया है. जनता बीजेपी की गलत नीतियों से परेशान है. ऐसे में उन्हें सत्ता से बाहर करने के लिए जनता ने दिल पर पत्थर रखकर कांग्रेस को वोट दिया है. मायावती के प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भी राज्य में कांग्रेस के समर्थन का एलान किया है. राज्य में सपा का एक विधायक जीता है.