इंदौर. मध्यप्रदेश में विधानसभा चुनावों के लिए हुए मतदान के बाद भारतीय जनता पार्टी की मुश्किलें लगातार बढ़ ही रही हैं. पहले तो ईवीएम की सुरक्षा पर उठे सवालों और आरोपों से पार्टी के नेता परेशान हैं, ऊपर से अपने विधायकों के एक के बाद एक वायरल हो रहे वीडियो ने भी पार्टी को परेशान कर रखा है. ताजा मामला पार्टी की प्रदेश उपाध्यक्ष और विधायक उषा ठाकुर से जुड़ा है, जिनका एक वीडियो वायरल हो रहा है. विधानसभा चुनावों के 11 दिसंबर को आने वाले नतीजों से पहले स्थानीय भाजपा विधायक और पार्टी की प्रदेश इकाई की उपाध्यक्ष उषा ठाकुर के सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो से विवाद खड़ा हो गया है.Also Read - संस्कृति मंत्री और बीजेपी नेता उषा ठाकुर ने कहा- मध्य प्रदेश का उपचुनाव देशभक्त और देशद्रोहियों के बीच है

Also Read - बीजेपी एमएलए ने गांधी के हत्‍यारे गोडसे को बताया राष्‍ट्रवादी, वीडियो हुआ वायरल

मध्यप्रदेश चुनावः बाबूलाल गौर ने कांग्रेस प्रत्याशी को दी जीत की बधाई, कहा- आप मंत्री बन रहे हैं! देखें Video Also Read - यूपी के मंत्री ने कहा- कांग्रेस ने भ्रम फैलाकर पाया वोट, पछता रहे हैं मध्यप्रदेश के लोग

वीडियो में ठाकुर इस आशय का आरोप लगाती सुनाई पड़ रही हैं कि कांग्रेस की तरह भाजपा को भी “वंशवाद का ग्रहण” लग गया है और पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय ने अपने बेटे को चुनावी टिकट दिलाने के लिए भाजपा प्रमुख अमित शाह को “सेट” कर उनका विधानसभा क्षेत्र बदलवा दिया. आपको बता दें कि प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल गौर का भी एक वीडियो वायरल हुआ है, जिसमें गौर कांग्रेस के विधायक आरिफ अकील को विधानसभा चुनाव जीतने की बधाई दे रहे हैं. साथ ही अकील को मंत्री बनने की भी शुभकामना दे रहे हैं.

भोपाल गैस त्रासदी की 34वीं बरसी पर संगठनों का बड़ा आरोप, कहा- पीएम मोदी के आरोपी अमेरिकी कंपनी से हैं रिश्ते

कई प्रयासों के बावजूद इस वीडियो पर ठाकुर और विजयवर्गीय की प्रतिक्रिया फिलहाल नहीं मिल सकी है. हालांकि, प्रदेश भाजपा प्रवक्ता उमेश शर्मा ने कहा, “ठाकुर भाजपा की समर्पित नेता हैं. शरारती तत्वों ने उनके मूल वीडियो से छेड़-छाड़ कर इसका संपादित अंश सोशल मीडिया पर वायरल किया है.” विवादास्पद वीडियो प्रदेश विधानसभा चुनावों के 28 नवम्बर को हुए मतदान से पहले का प्रतीत हो रहा है, जिसमें ठाकुर चुनाव प्रचार के दौरान लोगों के एक समूह को सम्बोधित करती दिखाई पड़ रही हैं.

एमपी के सागर में दो दिन बाद ईवीएम पहुंचाने पर नायब तहसीलदार सस्‍पेंड

इस बीच, प्रदेश कांग्रेस समिति के मीडिया विभाग से जुड़े नरेंद्र सलूजा ने मांग की, “ठाकुर को स्पष्ट करना चाहिए कि उनका विधानसभा क्षेत्र बदलवाने के लिए किस प्रकार की सेटिंग की गई.” विजयवर्गीय वर्ष 2008 और 2013 के पिछले दो चुनावों के दौरान इंदौर जिले के डॉ. अम्बेडकर नगर (महू) क्षेत्र से चुनकर विधानसभा पहुंचे थे. बहरहाल, इस बार भाजपा ने महू सीट से विजयवर्गीय के बदले ठाकुर पर भरोसा जताया. ठाकुर वर्ष 2013 के विधानसभा चुनावों के दौरान इंदौर शहर के क्षेत्र क्रमांक-तीन से चुनी गई थीं. लेकिन इस बार उन्हें अपनी पुरानी सीट छोड़नी पड़ी, क्योंकि इंदौर-तीन क्षेत्र से विजयवर्गीय के बेटे आकाश को टिकट दिया गया. आकाश ने अपने जीवन का पहला चुनाव लड़ा है.