भोपाल: मध्यप्रदेश हाईकोर्ट द्वारा पूर्व मुख्यमंत्रियों के बंगले खाली कराने के एक सप्ताह पहले दिए गए निर्देश के बाद प्रदेश सरकार ने उमा भारती सहित तीन पूर्व मुख्यमंत्रियों को नई श्रेणी में पुन: बंगले आवंटित कर दिए हैं. पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती, कैलाश जोशी और बाबूलाल गौर को वही बंगले दोबारा आवंटित कर दिए गए हैं. Also Read - सरकारी बंगलों पर पूर्व MP और रिटायर्ड अफसरों का अवैध कब्‍जा: HC ने सरकार से कहा- दो हफ्ते में खाली कराओ

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प्रदेश के गृह विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने अपने विशेषाधिकार का उपयोग कर इन बंगलों का आवंटन किया है. उन्होंने बताया कि पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती, कैलाश जोशी और बाबूलाल गौर को गणमान्य नागरिक की श्रेणी में मौजूदा बंगले का ही पुन: आवंटन किया गया है. Also Read - पूर्व सीएम और बीजेपी नेता बाबू लाल गौर कांग्रेस के टिकट पर लड़ सकते हैं लोकसभा चुनाव

न्यायालय के फैसले के मद्देनजर प्रदेश सरकार ने चार पूर्व मुख्यमंत्रियों जिनमें कांग्रेस के महासचिव दिग्विजय सिंह भी शामिल हैं, के बंगलों का आवंटन निरस्त कर दिया था. दिग्विजय साल 1993 से 2003 तक प्रदेश के मुख्यमंत्री रहे थे. दिग्विजय सिंह की तरफ से नई श्रेणी में बंगला आवंटित करने का आवेदन प्रदेश सरकार को अभी तक नहीं दिया गया है.

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अधिकारी ने बताया कि तीनों पूर्व मुख्यमंत्रियों से प्राप्त ताजा आवेदन के बाद इन्हें मौजूदा बंगलों का पुन: आवंटन किया गया है. इससे पहले 19 जुलाई को मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने एक जनहित याचिका पर फैसला सुनाते हुए प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्रियों को निशुल्क आजीवन सरकारी आवास की सुविधा के प्रावधान को अवैधानिक करार देते हुए एक माह में कार्यवाही करने के आदेश दिए थे.

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