प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Modi) ने सोमवार को विजया राजे सिंधिया (Vijaya Raje Scindia) के जन्म शताब्दी समारोह के उपलक्ष्य में 100 रुपये का स्मृति सिक्का जारी किया. वीडियो कांफ्रेंस से आयोजित इस समारोह में सिंधिया परिवार के सदस्यों के साथ-साथ कई राज्यों के मुख्यमंत्री और राज्यपालों सहित देश के अन्य भागों से कई गणमान्य लोगों ने हिस्सा लिया. केंद्रीय संस्कृति मंत्री प्रह्लाद पटेल ने इस मौके पर कहा कि राज परिवार में जन्म लेकर लोकतांत्रिक मूल्यों का संरक्षण करने वालीं राजमाता विजया राजे सिंधिया विरल व्यक्तित्व थीं. Also Read - Central Government Employees Bonus News: अच्छी खबर! दिवाली से पहले 30 लाख से अधिक सरकारी कर्मियों को मोदी सरकार का तोहफा, विजयादशमी पर मिलेगा बोनस

उन्होंने कहा, ‘वे वात्सल्य की प्रतिमूर्ति थीं. अपने सार्वजनिक जीवन में उन्होंने गरीबों, वंचितों, पीड़ितों के लिए निरंतर कल्याणकारी कार्य किए.’ विजयाराजे सिंधिया ग्वालियर राजघराने की राजमाता होने के साथ-साथ भाजपा की संस्थापक सदस्यों में से एक रही थीं. वह पांच बार लोकसभा और एक बार राज्यसभा की सदस्य निर्वाचित हुई थीं.

विजया राजे सिंधिया का जन्म 12 अक्टूबर 1919 को मध्य प्रदेश के सागर में हुआ था. उनके बेटे माधव राव सिंधिया कांग्रेस के कद्दावर नेता रहे थे. राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे सिंधिया और मध्य प्रदेश सरकार में मंत्री यशोधरा राजे सिंधिया उनकी पुत्री हैं. माधव राव के बेटे ज्योतिरादित्य सिंधिया लंबे समय तक कांग्रेस में रहने के बाद अब भाजपा में शामिल हो गए हैं.

(इनपुट: भाषा)