नई दिल्ली: बिहार विधानसभा चुनाव में बीजेपी ने वादा किया कि उनकी सरकार आई तो सबको कोरोना वैक्सीन मुफ्त में दी जाएगी. इस वादे पर बीजेपी को विपक्षी दलों ने घेर लिया है. राहुल गाँधी ने इसे लेकर बीजेपी पर हमला किया है. वहीं आरजेडी ने भी घेरा है. विपक्षी दलों द्वारा इस मामले की शिकायत चुनाव आयोग से भी की गई है. Also Read - बीजेपी का बड़ा आरोप- दिल्ली में केजरीवाल सरकार ने 60 प्रतिशत कम की कोरोना टेस्टिंग, इसीलिए बढ़ रहे मामले

कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने कहा कि भारत सरकार ने कोविड वैक्सीन वितरण की घोषणा कर दी है. ये जानने के लिए कि वैक्सीन और झूठे वादे आपको कब मिलेंगे, कृपया अपने राज्य के चुनाव की तारीख़ देखें. राहुल गांधी के अलावा लालू प्रसाद यादव की पार्टी आरजेडी के लीडर और राज्यसभा सांसद मनोज झा ने कहा कि ये ज़िन्दगी का सौदा भी कर सकते हैं. किसी भी लोक-कल्याणकारी राज्य/राष्ट्र में किसी महामारी के वैक्सीन को चुनावी घोषणा में शामिल करना, विमर्श के पतन का द्योतक. ज़िन्दगी बचाने के लिए भी चुनावी सौदेबाजी! छी! छी. मनोज झा ने कहा कि समझ नहीं आया कि कोरोना का वैक्सीन भी किसी पार्टी के संकल्प पत्र का हिस्सा हो सकता है? न जाने ये आयडिया किसका है? Also Read - कोरोना के गंभीर मरीजों में 100% कारगर साबित हुआ ये टीका, इस्तेमाल के लिए आज ही अप्लाई करेगी कंपनी

एक्टिविस्ट साकेत गोखले ने गुरुवार को चुनाव आयोग में भाजपा के इस वादे को चुनौती दी है. इस पर शिकायत दर्ज कराते हुए कहा कि गया है कि भाजपा द्वारा ऐसे वादे जारी किया जाना, केंद्र सरकार की शक्तियों का दुरुपयोग है. उन्होंने कहा कि ऐसा किसी भाजपा नेता ने नहीं किया है बल्कि देश की वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने किया है. उन्होंने कहा कि सवाल यह खड़ा किया गया है कि भारत सरकार द्वारा ऐसी किसी प्रकार की अधिकारिक घोषणा नहीं की गई है. ऐसे में यह कैसे तय किया जाएगा कि कैरोना वैक्सीनेशन का पैमाना क्या होगा. कोरोना से सभी को नुकसान हुआ है. ऐसे में चुनाव आयोग को तुरंत इस मामले पर एक्शन लेना चाहिए. Also Read - पीएम मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में राजीव गांधी की प्रतिमा पर कालिख पोती, कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने दूध से साफ की

बता दें कि गुरुवार के दिन भाजपा ने अपना संकल्प पत्र बिहार विधानसभा चुनावों के मद्देनजर जारी किया. यह संकल्प पत्र निर्मला सीतारमण द्वारा जारी किया गया था. इसमें कुल 11 वादे किए गए ते. जिसमें पहला वादा ही मुफ्त टीकाकरण को लेकर किया गया था. बता दें कि एक हफ्ते के बाद बिहार में पहले चरण का मतदान होना है. ऐसे में भाजपा के खिलाफ चुनाव आयोग में शिकायत की जा चुकी है. अब देखना यह है कि चुनाव आयोग इसपर क्या एक्शन लेता है.