भोपाल: चुनाव आयोग द्वारा शुक्रवार को कांग्रेस के वरिष्ठ नेता कमलनाथ का मध्यप्रदेश उपचुनाव के लिए स्टार प्रचारक का दर्जा रद्द करने पर अपनी प्रतिक्रिया दी है. चुनाव आयोग द्वारा स्टार प्रचारक का दर्जा रद्द करने के सवाल पर उन्होंने कहा, ‘‘ स्टार प्रचारक का कौन सा पद, कौन सा कद होता है. चुनाव आयोग ने मुझे कोई नोटिस नहीं दिया, मुझे पूछा नहीं, तो ये कौन कर रहा है, आखिरी दो दिनों में, वो जाने उनका काम जाने.”Also Read - उद्धव ठाकरे बोले- शिवसेना ने BJP के साथ रहकर 25 साल बर्बाद कर दिए, ये मैं अब भी मानता हूं

क्या इस मामले में वह सर्वोच्च न्यायालय में ले जायेगें के सवाल पर कमलनाथ ने कहा, ”मैने तो वकीलों को दे दिया है, वकील लोग देख रहे है. सर्वोच्च न्यायालय में जाएंगें, यह वो लोग तय करेंगे. विवेक तन्खा जी इसको देख रहे हैं, वो तय करेंगें.” Also Read - विधानसभा चुनाव से पहले CM बिरेन सिंह ने कहा- मैं और मणिपुर के लोग चाहते हैं कि अफ्सफा हट जाए

कमलनाथ ने कहा कि उन्होंने उस शब्द का इस्तेमाल किसी का अनादर करने के लिए नहीं किया था. उन्होंने दावा किया कि पार्टी के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी ने महिलाओं के संदर्भ में उस शब्द को अस्वीकार किया था लेकिन राहुल उनके (कमलनाथ) खिलाफ नहीं थे. Also Read - UP Polls 2022: BSP प्रमुख मायावती का हमला- 'आदित्यनाथ के गोरखपुर का मठ किसी आलीशान बंगले से कम नहीं'

जब शुक्रवार शाम को यहां कमलनाथ से यह कहा गया कि राहुल गांधी ने उनके ”आइटम” वाली टिप्पणी को अस्वीकार कर दिया तब कमलनाथ ने कहा, ”उन्होंने (राहुल ने) इसे अस्वीकार नहीं किया. उन्होंने महिलाओं के लिए कहा.” प्रेस कांफ्रेस में एक प्रश्न पूछा गया, तो उन्होंने जवाब दे दिया ,‘‘.वो तो, मैं भी कहता हूं कि महिलाओं का अपमान करना ठीक नहीं है.

जब उनसे कहा गया कि सत्तारुढ़ भाजपा के नेता उनसे इस टिप्पणी के लिए इमरती देवी से माफी मांगने की मांग कर रहे हैं, तब कमलनाथ ने कहा, ”यह देखिये कोई किसी की मांग नहीं है. अंत में (मैं) वही करता हूं जो सही एवं उचित है. क्योंकि मेरी भावना नहीं थी.”

कमलनाथ ने अपने ”आइटम” शब्द का बचाव करते हुए कहा, ”मैं इतने साल लोकसभा में रहा. लोकसभा की शीट पर, एजेंडे में लिखा रहता है, आइटम नं 1, 2… मेरे दिमाग में वो रहा. मैंने किसी के प्रति दुर्भावना से या किसी को अपमानित करने के लिए नहीं बोला था. क्योंकि ये आइटम शब्द से मैं बहुत परिचित रहा हूं, लोकसभा और विधानसभा में और मैने ये कहा कि अगर कोई अपमानित महसूस करता है तो मैं खेद व्यक्त करता हूं.”

बता दें कि चुनाव आयोग ने मध्यप्रदेश राज्य की 28 विधानसभा सीटों के उपचुनाव के लिए प्रचार करते हुए आदर्श आचार संहिता का बार-बार उल्लंघन करने के चलते कांग्रेस नेता एवं मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ के ‘स्टार प्रचारक’ का दर्जा शुक्रवार को रद्द कर दिया.

प्रदेश में 28 विधानसभा सीटों पर अहम उपचुनाव के प्रचार के दौरान ग्वालियर जिले के डबरा कस्बे की आम सभा में दलित समुदाय की भाजपा नेता इमरती देवी पर कथित अभद्र टिप्पणी के बाद से 73 वर्षीय कांग्रेस नेता कमलनाथ राज्य में सत्तारूढ़ बीजेपी के नेताओं के निशाने पर चल रहे हैं. भाजपा ने इसके खिलाफ चुनाव आयोग को शिकायत दर्ज कराई थी.