मुंबई : पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी (Mamata Banerjee) विपक्ष के प्रमुख चेहरे के रूप में सामने आ रही हैं. एक तरफ पिछले कुछ वर्षों में कांग्रेस (Congress) लगातार कमजोर हुई है तो दूसरी ओर ममता बनर्जी अपनी पार्टी तृणमूल कांग्रेस (Trinmool Congress) को हर राज्य में पहुंचाने में जुटी हैं. कांग्रेस के कमजोर होने से जो सियासी गलियारों में जो जगह खाली हुई है, उसे ममता बनर्जी (Mamata Banerjee) भरना चाहती हैं. इसी कड़ी में वह बुधवार को मुंबई (Mumbai) में थीं. बुधवार को वह NCP प्रमुख शरद पवार (Sharad Pawar) से मिलीं और उन्होंने स्पष्ट संकेत दिए कि वह एक नया विपक्ष बनाना चाहती हैं. उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि वह ऐसा करना चाहती हैं, क्योंकि कांग्रेस ‘मौजूदा फासीवादी‘ सरकार के खिलाफ नहीं लड़ रही है. बुधवार दोपहर को उन्होंने शरद पवार से मुलाकात के दौरान कहा, यूपीए क्या है, अब यूपीए का कोई अस्तित्व नहीं है (What is UPA? There is no UPA). यही नहीं शरद पवार ने भी ममता बनर्जी से मुलाकात को 2024 की तैयारी बताया. ममता बनर्जी की इस तरह की बयानबाजी पर कांग्रेस नेतृत्व भड़क गया और उन पर पलटवार किया.Also Read - UP Election 2022: ग्रेटर नोएडा में अमित शाह का ‘प्रभावी मतदाता संवाद’, कहा- यूपी चुनाव 20 साल के लिए दिशा तय करेंगे

कांग्रेस नेतृत्व और खासकर पार्टी नेता राहुल गांधी (Rahul Gandhi) पर कटाक्ष करने को लेकर तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी पर पलटवार करते हुए कांग्रेस ने कहा कि वह राजनीति पार्टी जो सिर्फ अपने बारे में सोचती है वह केंद्र में सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (BJP) को नहीं हरा सकती. कांग्रेस ने यह भी कहा कि ऐसा प्रदर्शन अनुपयोगी साबित होगा और यह केंद्र की बीजेपी की अगुआई वाली सरकार की मदद ही करेगा. Also Read - Punjab Eections 2022: BJP ने 27 उम्मीदवारों की जारी की एक और List

दिन में मुंबई में आयोजित एक कार्यक्रम में तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ने कहा कि राजनीति के लिए लगातार प्रयास आवश्यक हैं. राहुल गांधी पर परोक्ष रूप से निशाना साधते हुए पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा था, ‘‘आप ज्यादातर समय विदेश में नहीं रह सकते हैं.’’ Also Read - UP Elections 2022: अमित शाह ने बीजेपी के पक्ष में डोर-टू- डोर पर्चे बांटे, सपा-बसपा पर हमला किया

नागरिक समूह के सदस्यों के साथ बातचीत के दौरान ममता बनर्जी ने दावा किया कि उन्होंने विपक्ष को दिशा दिखाने के लिए सिविल सोसायटी के प्रतिष्ठित लोगों की एक सलाहकार समिति गठित करने की सलाह कांग्रेस को दी थी, लेकिन यह योजना परवान नहीं चढ़ी. एनसीपी प्रमुख शरद पवार से मुलाकात के दौरान बनर्जी ने कहा कि अब ‘‘कोई संप्रग’’ नहीं है.

ममता बनर्जी का नाम लिए बगैर उनपर पलटवार करते हुए कांग्रेस विधायक दल के नेता और महाराष्ट्र के राजस्व मंत्री बालासाहेब थोराट ने कहा कि कांग्रेस ने बीजेपी और केंद्र सरकार के ‘अत्याचार’ के खिलाफ जो लड़ाई शुरू की है उसे पूरा देश जानता है.

उन्होंने एक बयान में कहा, ‘‘राहुल गांधी की प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप से आलोचना करके कोई भी पार्टी बीजेपी के खिलाफ नहीं लड़ सकती है, खासतौर से अगर वह अपने राजनीतिक फायदों और व्यक्तिगत महत्वाकांक्षा के बारे में सोच रही है तो. कांग्रेस देश और लोकतंत्र के लिए एकमात्र विकल्प है.’’

थोराट ने कहा कि कांग्रेस ने निडर होकर पिछले सात साल से राहुल गांधी के नेतृत्व में बीजेपी का मुकाबला किया है. उन्होंने कहा, ‘‘भाजपा और अन्य दलों ने उनपर (राहुल) और उनके परिवार के खिलाफ निजी हमले किए हैं. उनकी छवि खराब करने के लिए अभियान चलाए गए, लेकिन राहुल गांधी पीछे नहीं हटे.’’

(इनपुट – पीटीआई)