मुंबई: महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई के अस्पताल में लगी भयंकर आग के दौरान स्विगी के 20 वर्षीय एक्जीक्यूटिव (डिलिवरी ब्वॉय) ने इंसानियत की मिसाल पेश करते हुए अपनी जान जोखिम में डालकर 10 लोगों की जान बचाई. उसने घने धुंए से भरी जगह में प्रवेश किया और दो घंटे में 10 लोगों को सुरक्षित निकाला. हालांकि, दमघोंटू धुएं के कारण वह बेहोश हो गया. फिलहाल उसका पास के सेवन हिल्स अस्पताल में इलाज चल रहा है. Also Read - उद्धव ठाकरे की नकल करना पड़ा महंगा, मुंबई पुलिस ने पकड़ा यू-ट्यूबर साहिल चौधरी

स्विगी कर्मचारी सिद्धू हुमानाबाड़े खाना पहुंचाने जा रहा था जब वहां से गुजरते हुए उसने ईएसआईसी कामगार अस्पताल के ऊपरी तलों से धुआं निकलते हुए देखा. अपनी मोटरसाइकिल खड़ी कर उसने दमकल कर्मियों से पूछा कि क्या वह लोगों को बचाने में उनकी मदद कर सकता है. अधिकारियों की अनुमति मिलने पर वह अग्निशमनकर्मियों की सीढ़ियों की मदद से इमारत के चौथे तल पर पहुंचा और वहां फंसे कुछ मरीजों और आगंतुकों को सुरक्षित निकाला. Also Read - बॉलीवुड का ड्रग कनेक्‍शन: NCB ने धर्मा प्रोडक्शन के कार्यकारी निर्माता क्षितिज रवि प्रसाद को अरेस्‍ट किया

बहादुरी दिखाते हुए उसने घने धुंए से भरी जगह में प्रवेश किया और दो घंटे में 10 लोगों को सुरक्षित निकाला. हालांकि, दमघोंटू धुएं के कारण वह बेहोश हो गया. फिलहाल उसका पास के सेवन हिल्स अस्पताल में इलाज चल रहा है. अस्पताल में सिद्धू ने बताया कि लोगों को मदद की गुहार सुनकर वह खुद को रोक नहीं पाया. Also Read - बॉलीवुड ड्रग्स केस: NCB ने 5 घंटे तक दीपिका से पूछताछ की, श्रद्धा, सारा अली ने भी सवालों का किया सामना

डिलिवरी ब्वॉय सिद्धू ने बताया, ”मैं राहत अभियान में दमकल के कर्मियों के साथ शामिल हुआ. शुक्र है कि उन्होंने चौथी मंजिल तक जाने के लिए मुझे अपनी सीढ़ी का इस्तेमाल करने दिया. मैंने कुल्हाड़ी से इमारत का कांच तोड़ा और अंदर घुसा.” सिद्धू ने कहा कि उसने मरीजों से खिड़की के किनारे आने को कहा और उन्हें एक-एक कर नीचे उतारा. उसने बताया, एक मरीज मेरे हाथ से फिसल गई थी, लेकिन खुशकिस्मती से वह बच गई.

केंद्रीय श्रम एवं रोजगार राज्य मंत्री संतोष गंगवार शहर के विभिन्न अस्पतालों में भर्ती पीड़ितों से मंगलवार को मुलाकात करने के साथ ही सिद्धू से भी मिले और उसकी सेहत का जायजा लेकर उसकी जरूरतें पूछी. हाल ही में 12वीं कक्षा पास करने वाले सिद्धू ने कहा, ”उनसे तारीफ पाना अच्छा लगा.”