नई दिल्ली: शिवसेना पर निशाना साधते हुए महाराष्ट्र विधानसभा में विपक्ष के नेता देवेंद्र फडणवीस ने शुक्रवार को कहा कि राज्य सरकार को लगता है कि कोरोना वायरस के खिलाफ लड़ाई खत्म हो चुकी है और अब एकमात्र लड़ाई अभिनेत्री कंगना रनौत के खिलाफ रह गई है. Also Read - महाराष्ट्र में BJP Govt में शिवसेना को गुलाम समझा जाता था, खत्‍म करने की कोशिश हुई: संजय राउत

उन्होंने यह भी कहा कि राज्य सरकार ने उच्चतम न्यायालय के समक्ष मराठा आरक्षण मामले को पेश करते समय “रणनीतिक गलती” की हो सकती है. इस सप्ताह के शुरू में शीर्ष अदालत ने 2018 के राज्य के कानून के कार्यान्वयन पर रोक लगा दी, जिसमें शिक्षा और नौकरियों में मराठा समुदाय को आरक्षण दिया गया था. Also Read - Maharashtra News: रामदास अठावले का बड़ा बयान, महाराष्ट्र की सियासत में उफान, BJP-Shivsena की होगी दोस्ती?

उन्होंने बताया, ‘‘(महाराष्ट्र) सरकार को लगता है कि कोरोना के खिलाफ युद्ध खत्म हो गया है और एकमात्र लड़ाई कंगना के खिलाफ बची है. पूरी सरकारी मशीनरी कंगना के खिलाफ लड़ाई में शामिल है. वे जो चाहें कर सकते हैं, लेकिन उन्हें राज्य में कोरोना वायरस की स्थिति से निपटने पर ध्यान देना चाहिए. Also Read - Jitin Prasada के BJP में शामिल होने पर शिवसेना ने ली चुटकी, कांग्रेस को भी दी यह सलाह...

फडणवीस ने यहां संवाददाताओं से कहा, ‘‘आप कंगना के खिलाफ लड़ाई में जो समय खर्च कर रहे हैं, उसका कम से कम 50 फीसदी (कोरोना वायरस से निपटने में) लगाएं.’’ उन्होंने आरोप लगाया कि शिवसेना के कई नेताओं के घरों और दफ्तरों में गैरकानूनी बदलाव किए गए हैं, लेकिन उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई है.

उन्होंने सवाल खड़ा किया, ‘‘क्या आपने दाऊद (इब्राहिम) के घर को ध्वस्त करने का प्रबंधन किया था?’’ महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री बिहार के लिए रवाना होने से पहले राष्ट्रीय राजधानी में थे. भाजपा ने उन्हें बिहार में चुनाव संबंधी जिम्मेदारियाँ दी हैं.