नई दिल्ली: केंद्र सरकार द्वारा प्याज को विदेशों में भेजने पर रोक लगा दी गई है. किसान इसे लेकर गुस्से में हैं. जगह-जगह प्रदर्शन हो रहे हैं. अब महाराष्ट्र के पूर्व सीएम देवेंद्र फडनवीस (Devendra Fadnavis) भी प्याज के निर्यात पर रोक के पक्ष में नहीं हैं. बीजेपी नेता और पूर्व सीएम देवेंद्र फडनवीस ने केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल (Piyush Goyal) से निर्यात पर तुरंत रोक हटाने की मांग की है. पूर्व सीएम ने कहा कि केंद्र सरकार के इस कदम से किसान दुखी और आहत हैं. Also Read - प्याज को विदेश भेजने से रोकने के फैसले पर क्यों गुस्से में हैं किसान, जगह-जगह हो रहे प्रदर्शन

पूर्व सीएम देवेंद्र फडनवीस ने केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल से कहा कि ‘प्याज के निर्यात पर लगी रोक तुरंत वापस लेने का अनुरोध मैंने आपसे किया था. फिर से अनुरोध है कि निर्यान पर लगी रोक तुरंत वापस ली जाये. महाराष्ट्र के प्याज की अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर मांग होती है और इससे महाराष्ट्र के किसानों को उचित दाम भी मिलता है. निर्यात पर रोक लगने से किसान काफी आहत और दुखी हैं. मुझे आशा है कि आप तुरंत समुचित निर्णय करेंगे.’ Also Read - महाराष्ट्र सरकार कोरोना वायरस से लड़ने के बजाय कंगना रनौत से लड़ाई में ज्यादा व्यस्त है: फडणवीस

बता दें कि हाल ही में प्याज के निर्यात पर केंद्र सरकार ने रोक लगा दी. किसान इस फैसले को लेकर गुस्से में हैं. किसानों ने इसे लेकर देश भर में प्रदर्शन भी शुरू कर दिया है. महाराष्ट्र के नासिक जिले के लासलगांव और इसके आसपास के कुछ इलाकों में किसानों ने इस फैसले के खिलाफ सड़कों उतरकर प्रदर्शन किया गया. नासिक को दुनिया की सबसे बड़ी प्याज मंडियों में शुमार किया जाता है. अधिकारियों ने बताया कि किसानों ने मुंगसे, पिंपलगांव, नामपुर और उमराने बाजारों में प्रदर्शन किया. इस दौरान किसानों ने लगभग 10 हजार क्विंटल प्याज के लिये लगाई जा रही बोली रोक दी. साथ ही उन्होंने मुंबई-आगरा हाईवे समेत कई मार्गों पर यातायात रोकने का भी प्रयास किया. Also Read - फडणवीस बोले- सुशांत की मौत चुनावी मुद्दा नहीं है, लेकिन जब तक न्याय नहीं मिलता BJP चुप नहीं बैठेगी

बता दें कि सरकार ने देश में प्याज की बढ़ती कीमतों को नियंत्रित करने की कोशिश की बात कहते हुए प्याज के विदेशों में निर्यात पर रोक लगा दी, लेकिन वहीं किसानों का कहना है कि उन्हें अभी थोड़ा मुनाफा मिल रहा था, लेकिन प्याज का निर्यात रोके जाने से अचानक कीमतों में गिरावट आई और उनके मुनाफे में बड़ी कमी आ गई है.

आज एशिया की सबसे बड़ी प्याज मंडी लासलगांव की कृषि उत्पाद विपणन समिति (एपीएमसी) में सुबह 2,220 रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से प्याज की बोली लगनी शुरू हुई, जिससे किसान नाराज हो गए. क्योंकि प्याज के निर्यात पर पाबंदी लगने से घरेलू बाजार में इसके दाम गिर गए हैं