पुणे. महाराष्ट्र के राज्य रिजर्व पुलिस बल एसआरपीएफ शिविर में तैनात भारतीय रिजर्व बटालियन (आईआरबी) के एक सहायक उप निरीक्षक ने पास के दौंण में कथित रूप से गोली मारकर तीन व्यक्तियों की हत्या कर दी. पुलिस ने बताया कि आरोपी संजय बलिराम शिंदे को बाद में जिले में शिरूर के पास सूपा गांव में गिरफ्तार कर लिया गया. Also Read - पुणे के कोविड-19 सेंटर में महिला डॉक्टर के साथ दो सहकर्मियों ने की छेड़छाड़

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पुलिस ने बताया कि शिंदे ने दौंण नगर में दो अलग अलग स्थानों नगर मोरी और बोरवाके नगर में गोलीबारी करके तीन व्यक्तियों की हत्या कर दी. कोल्हापुर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक विश्वास नागरे पाटिल ने कहा, शुरू में पुलिस ने सोचा कि वह अपने मकान में छुपा हुआ है. जब एक पुलिस निरीक्षक ने उससे फोन पर बात की तो उसने पुलिस को भ्रमित किया कि वह सोलापुर की ओर जा रहा है. Also Read - महाराष्‍ट्र के गृह मंत्री ने बिहार के पूर्व DGP गुप्तेश्वर पांडे पर साधा निशाना, दिया ये बड़ा बयान

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नागरे पाटिल ने कहा, यद्यपि उसके फोन की लोकेशन ने उसके झूठ का खुलासा कर दिया क्योंकि उससे पता चला कि वह शिरूर की ओर जा रहा है. उसे सूपा से गिरफ्तार कर लिया गया और उसके कब्जे से नौ एमएम की एक पिस्तौल और दो मैगजीन जब्त की गई.

नागरे पाटिल ने बताया कि शिंदे ने पुलिस अधिकारी को फोन पर बताया कि उसने जिन लोगों को गोली मारी उनमें से एक के साथ उसका पैसे से संबंधित विवाद था.

नागरे पाटिल ने कहा, दो व्यक्तियों की हत्या करने के बाद वह मौके से चला गया और एक अन्य व्यक्ति की हत्या कर दी जिससे उसका पहले का कोई विवाद था. मृतकों की पहचान अमोल जाधव, गोपाल शिंदे और प्रशांत पवार के तौर पर हुई है. एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि घटना के बाद दौंण में तनाव का माहौल था क्योंकि नागरिक संदिग्ध के मकान के बाहर एकत्रित हो गए थे. उन्होंने कहा, एसआरपीएफ कंपनियां और पुणे से अतिरिक्त बल को कानून एवं व्यवस्था की स्थिति नियंत्रित करने के लिए बुलाया गया है.