नई दिल्ली: आज महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे एमएलसी पद की शपथ लेंगे. उद्धव ठाकरे के एमएलसी बनते ही सरकार की सबसे बड़ी समस्या का हल हो गया. बता दें कि 26 मई को महाराष्ट्र सरकार के गठन के छह महीने पूरे हो रहे हैं और सीएम उद्धव ठाकरे किसी भी सदन के सदस्य नहीं थे इससे उनकी सरकार गिरने की आशंका थी लेकिन अब वे एमएलसी के तौर पर निर्विरोध चुने गए हैं जिससे उनकी सरकार अभी भी सत्ता पर बनी रहेगी. Also Read - Cyclone Nisarga: चक्रवाती तूफान की महाराष्ट्र और गुजरात में इस समय होगी एंट्री, समुद्र में उठेंगी ऊंची लहरें

उद्धव ठाकरे के साथ साथ आठ अन्य लोग भी एमएलसी के लिए शपथ लेंगें. पिछले हफ्ते महाराष्ट्र विधान परिषद के लिए चुनाव हुए थे जिसमें मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे सहित आठ अन्य लोगों को चुना गया था. Also Read - Cyclone Nisarga: आज महाराष्ट्र के समुद्री तट से टकराएगा 'निसर्ग' चक्रवात, NDRF की 40 टीमें तैनात

मुख्यमंत्री के साथ विधान परिषद की उपसभापति नीलम गोरे (शिवसेना), रणजीत सिंह मोहिते पाटिल, गोपीचंद पाडलकर, प्रवीण दटके और रमेश कराड (सभी भाजपा) भी निर्वाचित घोषित हुए हैं. इसके अलावा राकांपा के शशिकांत शिंदे और अमोल मितकरी तथा कांग्रेस के राजेश राठौड़ शामिल हैं.

आपको बता दें कि मुख्यमंत्री बने रहने और सरकार बनी रहने के लिए उद्धव ठाकरे का राज्य विधान परिषद के किसी एक सदन का सदस्य होना जरूरी था. उन्होंने 28 नवंबर को मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी लेकिन वे किसी सदन के सदस्य नहीं थे. अगर वे 27 मई से पहले विधायक नहीं बनते तो उनकी सरकार गिर जाती . बता दें सीएम उद्धव ठाकरे पहले बार विधायक के तौर पर चुने गए हैं.