Maharashtra Unlock Update: देश में कोरोना की दूसरी लहर का कहर कम होने के बाद ज्यादातर राज्यों में अनलॉक की शुरुआत हो चुकी है. हालांकि संभावित तीसरी लहर को देखते हुए तमाम एहतियात बरते जा रहे हैं. महाराष्ट्र में भी पाबंदियों के साथ अनलॉक की शुरुआत हो चुकी है. इन सबके बीच महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) ने दहीहांडी (Dahi Handi) त्योहार के आयोजकों से सोमवार को कहा कि राज्य को कुछ समय के लिए त्योहारों को किनारे रखकर कोरोना संक्रमण को पूरी तरह समाप्त कर उदाहरण पेश करना चाहिए. आयोजकों की वर्चुअल बैठक में उन्होंने कहा कि महामारी के दौरान लोगों के स्वास्थ्य को प्राथमिकता दी जानी चाहिए.Also Read - Maharashtra Cinemas theaters Reopen: महाराष्ट्र में 22 अक्टूबर से खुलेंगे सिनेमा और थिएटर, इन नियमों का करना होगा पालन

जन्माष्टमी के त्योहार पर दहीहांडी उत्सव का आयोजन होता है. माखन-मिश्री से भरी हांडी को ऊंचाई पर टांगा जाता है और युवा मानव पिरामिड बनाकर उसे तोड़ते हैं. महाराष्ट्र में इस उत्सव को राजनीतिक संरक्षण मिला हुआ है और विभिन्न राजनीतिक दल दहीहांडी उत्सव का आयोजन करते हैं और गोविंदा (हांडी तोड़ने वाले) के लिए इनाम की घोषणा करते हैं. Also Read - Maharashtra Unlock: उद्धव सरकार का बड़ा ऐलान-7 अक्टूबर से खुलेंगे सभी धार्मिक स्थल, स्कूल खोलने की भी इजाजत

मुख्यमंत्री कार्यालय की तरफ से जारी बयान के अनुसार, दहीहांडी के आयोजक भी ठाकरे की अपील के पक्ष में हैं और वे जन्माष्टमी के अवसर पर स्वास्थ्य संबंधी गतिविधियों के आयोजन के पक्ष में हैं. लेकिन, भारतीय जनता पार्टी ने कुछ शर्तों के साथ पारंपरिक तरीके से दहीहांडी उत्सव के आयोजन को अनुमति देने की मांग की है. Also Read - Maharashtra Unlock Update: उद्धव सरकार का बड़ा फैसला, महाराष्ट्र में इस तारीख से खुलेंगे धार्मिक स्थल; जानें गाइडलाइंस

BJP विधायक आशीष शेलार ने कहा, ‘जिन्होंने कोविड टीके की दोनों खुराक लगवाई है उन्हें कम ऊंचाई पर बिना भीड़-भाड़ के पारंपरिक तरीके से दहीहांडी के आयोजन की अनुमति दी जाए. उत्सव पर प्रतिबंध नहीं लगना चाहिए.’ बैठक में ठाकरे ने कहा कि कोविड महामारी ने लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी पर तमाम पाबंदियां लगा दी हैं.

उन्होंने कहा, ‘यह पाबंदियां लोगों के कल्याण के लिए हैं. सिर्फ कुछ ही लोग इन पाबंदियों के खिलाफ आवाज उठा रहे हैं. उन्हें कोरोना वायरस के खिलाफ प्रदर्शन करना चाहिए, सरकार के खिलाफ नहीं.’ मुख्यमंत्री ने कहा कि पूरी दुनिया महामारी के बोझ तले दबी हुई है, जिसने कई परिवार बिखेर दिए और कई बच्चों को अनाथ बना दिया.

(इनपुट: भाषा)