पुणे: महाराष्ट्र के पुणे में बीजेपी के एक कार्यकर्ता ने नरेंद्र मोदी का एक मंदिर कुछ दिन पहले बनाया था, लेकिन अब मंदिर से प्रधानमंत्री की आवक्ष प्रतिमा हटा दिया गया है. जानकारी के मुताबिक, प्रधानमंत्री की आवक्ष प्रतिमा और निर्माण में प्रयुक्त लाल संगमरमर जयपुर से लाया गया था और कुल खर्च लगभग 1.6 लाख रुपए आया था. पुणे औंध इलाके में गुरुवार को एनसीपी कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया. एनसीपी के कार्यकर्ता विरोध प्रदर्शन में पूजा की थाली, पूजन सामग्री और पेट्रोल लेकर पहुंचे थे और उन्‍होंने प्रदर्शन किया.Also Read - Ayushman Bharat Digital Mission: जानिये क्या है डिजिटल हेल्थ कार्ड? पंजीकरण की प्रक्रिया और दस्तावेजों के बारे में

( फोटो: साभार अली शेख)

मंदिर बनाने वाले मयूर मुंडे से यह जानने की कोशिश की गई कि किस कारण से उन्होंने मूर्ति को हटाया है, मगर उनसे संपर्क नहीं हो सका. इस बीच राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के कार्यकर्ताओं ने बृहस्पतिवार को यहां औंध इलाके में प्रदर्शन किया. Also Read - क्या BJP में शामिल होंगे अमरिंदर? दिल्ली पहुंचे पंजाब के पूर्व सीएम ने खुद ही कर दिया साफ; बताई आने की असली वजह

एनसीपी की नगर इकाई के प्रमुख प्रशांत जगताप ने व्यंगात्मक लहजे में कहा, ”शहर में आशावाद व्याप्त हो गई है कि (मोदी के लिए मंदिर निर्माण के बाद) अब ईंधन की कीमतों में कमी आएगी, महंगाई घटेगी और लोगों के खातों में 15-15 लाख रुपए आएंगे. हम यहां आए हैं और देखा कि मंदिर से ‘भगवान’ गायब हैं.” Also Read - मिहिर भोज जाति विवाद: शिलापट्ट पर लिखे CM योगी के नाम पर कालिख पोती गई, जांच शुरू

प्रशांत जगतापने कहा कि ऐसे मंदिर का निर्माण “बौद्धिक दिवालियेपन” का प्रतीक है.

37 वर्षीय मुंडे ने पहले कहा था कि मंदिर प्रधानमंत्री को उनकी श्रद्धांजलि है, जिन्होंने “अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण कराया है.” मंदिर बनाने वाले मयूर मुंडे ने कहा था, ” प्रधानमंत्री बनने के बाद, मोदी ने बहुत सारे विकास कार्य किए हैं और जम्मू-कश्मीर में अनुच्छेद 370 को निरस्त करने, राम मंदिर निर्माण और तीन तलाक जैसे मुद्दों को सफलतापूर्वक निपटाया है.” मुंडे ने यह भी कहा था कि प्रधानमंत्री की आवक्ष प्रतिमा और निर्माण में प्रयुक्त लाल संगमरमर जयपुर से लाया गया था और कुल खर्च लगभग 1.6 लाख रुपए आया था.