नई दिल्ली: महाराष्ट्र में शिवसेना, राकांपा और कांग्रेस गठजोड़ के सरकार बनाने की संभावना के बीच भाजपा ने मंगलवार को कहा कि विधानसभा चुनाव में लोगों ने जिन पार्टियों को खारिज कर दिया, उन्होंने जनादेश ‘चुराने’ के लिए हाथ मिला लिया है. भाजपा ने जरूरी संख्या बल नहीं होने के बावजूद सरकार गठन करने के अपने फैसले की विपक्ष द्वारा की जा रही आलोचना को भी खारिज कर दिया.

भाजपा प्रवक्ता जी वी एल नरसिम्ह राव ने कहा कि राकांपा नेता अजित पवार से आश्वासन मिलने के बाद भलमनसाहत से ऐसा किया गया. राव ने अपनी पार्टी की पूर्व सहयोगी शिवसेना पर भी कटाक्ष करते हुए कहा कि भाजपा का समर्थन नहीं होता तो उसकी संख्या दोहरे अंकों में भी नहीं पहुंच पाती, लेकिन सत्ता की राजनीति में विचारों की तिलांजलि देते हुए उसने चुनाव बाद की स्थिति का लाभ उठाया.

महाराष्ट्र में एक अप्रत्याशित घटनाक्रम के तहत शनिवार सुबह मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने वाले भाजपा नेता देवेंद्र फडणवीस ने मंगलवार को इस पद से अपना इस्तीफा देते हुए कहा कि उनके पास पर्याप्त संख्या (विधायकों की) नहीं है.

(इनपुट भाषा)