नई दिल्ली: सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को केन्द्रीय जांच ब्यूरो और प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) को निर्देश दिया कि टूजी स्पेक्ट्रम आवंटन प्रकरण और इससे संबंधित दूसरे मामलों की जांच छह महीने के भीतर पूरी की जाए. न्यायमूर्ति अरूण मिश्रा और न्यायमूर्ति नवीन सिन्हा की दो सदस्यीय पीठ ने केन्द्र को टूजी स्पेक्ट्रम प्रकरण और एयरसेल- मैक्सिक सौदे सहित इससे जुड़े मामलों की जांच की प्रगति रिपोर्ट दो सप्ताह के भीतर पेश करने का निर्देश दिया.

पीठ ने इस मामले की सुनवाई के दौरान टिप्पणी की कि यह जांच काफी लंबे समय से चल रही है और देश की जनता को इस तरह के संवेदनशील मामले में अधिक समय तक अंधेरे में नहीं रखा जा सकता. शीर्ष अदालत ने वरिष्ठ अधिवक्ता आनन्द ग्रोवर को टूजी मामलों में विशेष लोक अभियोजक की जिम्मेदारी से भी मुक्त कर दिया.

 

इसके साथ ही न्यायालय ने अतिरिक्त सालिसीटर जनरल तुषार मेहता को टूजी स्पेक्ट्रम मामलों के लिये विशेष लोक अभियोजक नियुक्त करने के केन्द्र के फैसले को भी मंजूरी दे दी. न्यायालय ने इसी मामले में एक गैर सरकारी संगठन द्वारा दायर अवमानना याचिका भी खारिज कर दी.