अमेरिका में विवाह नाम की संस्था दिन प्रति दिन कमजोर पड़ती जा रही है. लोगों में अकेले रहने या बिना विवाह के लिव इन में रहने का चलन बढ़ रहा है. इस कारण आज की तारीख में वहां पैदा होने वाले करीब आधे बच्चों की मां बिन ब्याही होती हैं या फिर उनके मां-बाप साथ नहीं होते. संयुक्त राष्ट्र की एक रिपोर्ट के मुताबिक अमेरिकी समाज, संस्कृति और अर्थव्यवस्था में आए इस बदलाव की वजह से ऐसा हो रहा है. 1970 के दशक में पैदा होने वाले करीब 10 फीसदी बच्चों की मां बिन ब्याही या फिर उनके मां-बाप साथ नहीं होते थे. संयुक्त राष्ट्र जनसंख्या कोष (UNFPA) की बुधवार को आई रिपोर्ट में ये सारी बातें कही गई हैं. इस रिपोर्ट में कहा गया है कि यूरोपीय संघ के देशों में पैदा होने वाले ऐसे बच्चों की संख्या काफी अधिक है. यहां पैदा होने वाले करीब 60 फीसदी बच्चों की मांएं बिन ब्याही या फिर उनके मां-बाप साथ नहीं रहते. Also Read - भारत को आर्थिक वृद्धि में तेजी लाने के लिए संरचनात्मक सुधार जारी रखने की जरूरत: UN रिपोर्ट

Also Read - भारत 2019-20 में बना रहेगा सबसे तेज वृद्धि वाली प्रमुख अर्थव्यवस्था, ये होगी विकास दर

करियर पर ध्यान दे रहीं महिलाएं Also Read - UN Report: चीन और अमेरिका की कारोबारी जंग से भारत की अर्थव्यवस्था को होगा फायदा

UNFPA के सीनियर एडवाइजर माइकल हरमैन का कहना है कि यूरोपीय देशों में बिना शादी के मां बनने का प्रतिशत अधिक होने के पीछे यहां के देशों में मौजूद शानदार कल्याणकारी व्यवस्था है जिसमें बच्चों की देखरेख की शानदार सुविधा मिलती है. उन्होंने कहा कि यहां पर जन स्वास्थ्य की सुविधाएं शानदार हैं. दूसरी तरफ पेड पैटरनिटी लीव, अर्ली एजुकेशन प्रोग्राम्स और टैक्स इंसेंटिव के कारण अविवाहित पैरेंट्स इसके प्रति आकर्षित हो रहे हैं.

दौड़ने से पहले ही पटरी से उतरती दिख रही है बुलेट ट्रेन परियोजना

इस रिपोर्ट में कहा गया है कि इस तरह के जन्म में अमेरिका और यूरोप के देशों में बिना विवाह के साथ रह रहे कपल की हिस्सेदारी ज्यादा है. इसमें अकेली महिला के मां बनने की संख्या काफी कम है. इसमें कहा गया है कि शादी के बारे में सामाजिक और धार्मिक रीति-रिवाज, बच्चे की देखभाल और महिलाओं के कामकाजी होने के कारण स्थिति में बदलाव आया है. इंस्ट्टीयूट ऑफ पॉलिसी रिसर्च में सेंटर ऑन इकोनॉमिक्स ऑफ रिप्रोडक्टिव हेल्थ की निदेशक केली जोन्स ने कहा कि अविवाहित कपल के मां-बाप बनने को महिलाओं के देर से मां बनने से जोड़ा जा सकता है. उनका कहना है कि महिलाओं की प्राथमिकता पहले खुद को प्रोफेशनली स्थापित करने की है. उनका कहना है कि देर से मां बनने का फैसला तार्किक हो सकता है क्योंकि इसका असर करियर पर पड़ता है. मौजूदा समय में अमेरिका में पहली बार मां बनने वाली महिलाओं की औसत उम्र 27 वर्ष है जो 1970 के दशक में 22 साल थी.