चेन्नई. स्कूलों में अटेंडेंस बनाने के बाद क्लास-बंक करने वाले छात्रों के ‘बुरे दिन’ आने वाले हैं. क्योंकि एक मोबाइल एप्लीकेशन (ऐप) अब स्कूलों में छात्रों का चेहरा पढ़कर शिक्षक को बता देगा कि वे क्लास में मौजूद है या नहीं. जी हां, देश के दक्षिणी राज्य तमिलनाडु के स्कूलों में अटेंडेंस बनाने की यह एडवांस्ड प्रणाली लॉन्च कर दी गई है. तमिलनाडु के स्कूलों में उपस्थिति दर्ज करने वाले रजिस्टर बहुत जल्द गुजरे वक्त की बात होने जा रहे हैं, क्योंकि अब उपस्थिति कृत्रिम बुद्धिमता समर्थित उपस्थिति प्रणाली के जरिए दर्ज हो सकेगी. राज्य ने सोमवार को इस प्रणाली की शुरुआत की.

स्कूलों में यह प्रणाली फिलहाल राजकीय बालिका माध्यमिक विद्यालय में शुरू की गई है, जहां चेहरे को पढ़ कर उपस्थिति दर्ज होगी. इस नई प्रणाली को जल्द ही राज्य के और भी हिस्सों तक विस्तार दिया जाएगा. स्कूल शिक्षा मंत्री के.ए. सेंगोतैय्यां ने कहा कि देश में यह पहली बार है जब स्कूल जाने वाले बच्चों के लिए इस तरह की प्रणाली लाई गई है और यह अब तक अमेरिका एवं जापान जैसे देशों में प्रचलित थी. उन्होंने यहां संवाददाताओं से कहा, “चेहरा पढ़ने के जरिए कृत्रिम बुद्धिमता (Artificial Intelligence) समर्थित नई उपस्थिति प्रणाली को पहली बार भारत में लागू किया गया है.

अधिकारियों के मुताबिक चेहरे की पहचान पर आधारित उपस्थिति दर्ज करने की प्रक्रिया एक मोबाइल एप्लिकेशन के जरिए संभव होगी जिसमें छात्रों की तस्वीरों समेत अन्य संबंधित जानकारियां होंगी. शिक्षक एक समूह में छात्रों की तस्वीर खिंचेगा और एप उपस्थित छात्रों की पहचान कर एक कंप्यूटर सर्वर में विवरणों को संचित करेगा. यानी अब स्कूलों में पढ़ने वाले हर छात्र की जानकारी लोगों को महज एक बटन दबाने से मिल जाएगी. खासकर छात्रों के माता-पिता या उनके अभिभावकों के लिए यह पता करना आसान हो जाएगा कि उनका बच्चा स्कूल में है या नहीं.