नई दिल्ली: देश के सबसे बड़े बैंक भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) में अगर आप नौकरी पाने के इच्छुक हैं तो आपके लिए अच्छी खबर है. क्लर्क भर्ती परीक्षा के लिए बैंक नियमों में ढील दे सकता है. नए नियम के तहत ये प्रावधान होगा कि भर्ती परीक्षा में किसी विषय में अगर जीरो नंबर भी आता है तो भी क्लर्क की नौकरी मिल सकती है. Also Read - Sarkari Naukri 2020: BPSC में इन पदों पर आवेदन करने की है कल आखिरी तारीख, फौरन करें आवेदन

नया नियम न्यूनतम मार्क्स क्राइटीरिया में ढील देने का होगा. एक हिन्दी अखबार ने बताया है कि अगर किसी एक सेक्शन में न्यूनतम तय सीमा से कम नंबर हों या फिर शून्य अंक ही हो, पर भर्ती परीक्षा में अन्य सेक्शंस में मिलाकर तय मानक से अधिक नंबर हों तो अभ्यर्थी को नौकरी दिए जाने का प्रावधान है. Also Read - Sarkari Naukri 2020 Latest Updates: केंद्र और राज्य सरकार के इन विभाग में निकली बंपर वैकेंसी, जल्द करें अप्लाई

पहले भी बैंक ने दी है ढील
इससे पहले भी एसबीआई ऐसा कर चुका है. प्रोबेशनरी अफसर यानी PO भर्ती विज्ञापन में हर सेक्शन में न्यूनतम मार्क्स की अनिवार्यता रखी गई थी, पर चयन करते समय अचानक इसे दरकिनार कर दिया. जब ये मामला हाईकोर्ट पहुंचा तो बैंक ने जांच की बात कही. Also Read - Sarkari Naukri: सीएम अशोक गहलोत का अधिकारियों को आदेश, कहा- समयबद्ध तरीके से आयोजित हो भर्ती परीक्षा

क्यों उठा रहे ये कदम
SBI का तर्क है कि उसे भर्ती परीक्षा में सूटेबल कैंडिडेट्स नहीं मिल रहे हैं, इसलिए वो नियमों में ढील दे सकता है. हालांकि इस मामले में एसबीआई की ओर से कोई बयान नहीं आया है.

क्या कहा था सुप्रीम कोर्ट ने
देश के विभिन्न विभागों के लिए होने वाली भर्ती परीक्षा के लिए सुप्रीम कोर्ट ने साल 2011 में कुछ नियम तय किए थे, जिसमें साफ तौर से कहा गया है कि किसी भी नौकरी भर्ती परीक्षा में उपयुक्त और योग्य कैंडिडेट्स का ही चयन किया जाना चाहिए. नियम के मुताबिक यदि कोई कैंडिडेट गणित या अन्य विषय में न्यूनतम मार्क्स तक नहीं ला पाता तो वह योग्य नहीं माना जाएगा. सरकारी नौकरी पाने के लिए भर्ती परीक्षा में न्यूनतम क्वालिफाइंग नंबर लाना अनिवार्य है.