वॉशिंगटन: दुनिया अभी कोरोना महामारी से त्रस्त है. ऐसे में आसमान से एक बार फिर आफत आने वाली है. अमेरिकी स्पेस एजेंसी नासा (Nasa) की माने तो एक उल्कापिंड (Asteroid) धरती के करीब काफी तेजी से बढ़ रहा है. नासा की मानें तो यह उल्कापिंड लगभग आधा किलोमीटर जितना बड़ा है. इसकी स्पीड 5.2 किलोमीटर प्रति सेकेंड बताई जा रही है. यही नहीं खबरों की मानें तो ऐसे कुल 5 उल्कापिंड है जो पृथ्वी की कक्षा में दाखिल होने वाले हैं. इसका नाम रॉक-163348(2002 NN4) रखा गया है. हालांकि वैज्ञानिकों द्वारा यह कहा जा रहा है कि यह पृथ्वी की कक्षा में प्रवेश करेगा लेकिन पृथ्वी पर नहीं गिरेगा. यह 6 जून के दिन पृथ्वी के करीब से गुजरेगा. Also Read - देश में इस हफ्ते मानसून का रहेगा ऐसा हाल, देशभर में सामान्य से 31 फीसदी ज्यादा हुई बारिश

बता दें कि इस उल्कापिंड की लंबाई 250-50 मीटर तक हो सकती है. साथ ही इसकी चौड़ाई लगभग 135 मीटर बताई जा रही है. वैज्ञानिकों की मानें तो सूर्य की कक्षा से होते हुए यह पिंड धरती की कक्षा में 6 जून के दिन दाखिल होगा. गौरतलब है कि बीते 21 मई को धरती के पास से ही एक उल्कापिंड गुजरा था. वैज्ञानिक इस उल्कापिंड पर बड़ी करीब से नजर बनाए हुए थे. Also Read - NASA SpaceX Launch: नासा ने रचा इतिहास, नौ साल बाद दो क्रू मेंबर के साथ लांच हुआ NASA SpaceX

नासा की मानें तो रविवार के दिन यह उल्कापिंड धरती के करीब से गुजरेगा. इस उल्कापिंड के धरती के पास से गुजरने के अब 4 साल बाद ही कोई उल्कापिंड धरती के इतने पास से गुजरेगा. यानी कि अब अगला उल्कापिंड अगर धरती के पास से गुजरेगा तो वो साल होगा 2024. बता दें कि 5.2 किमीं प्रति सेकेंड की रफ्तार से यह उल्का पिंड धरती की कक्षा में प्रवेश करने वाला है. वहीं अगर ओवरऑल स्पीड की बात करें तो उल्कापिंड की स्पीड 11,200 मील प्रतिघंटा बताई जा रही है. Also Read - Coronavirus: इन तीन भारतीय कंपनियों को नासा ने दिया वेंटिलेटर विनिर्माण का लाइसेंस