नई दिल्ली: क्या दुनिया में कई सारे ब्रह्मांड हैं? यह एक ऐसा सवाल है जिसपर सालों से वैज्ञानिक बहस और रिसर्च करते आ रहे हैं. लेकिन अब लगता है कि यह बहस खत्म होने वाली है. क्योंकि नासा ने हमारे ब्रह्मांड के समानान्तर एक अन्य ब्रह्मांड की खोज की है. हालांकि यह ब्रह्मांड हमारे ब्रह्मांड से थोड़ा अलग है. वैज्ञानिकों की मानें तो इसका समय हमारें ब्रह्मांड से थोड़ा अलग है क्योंकि यहां समय उल्टा चलता है. दरअसल इस ब्रह्मांड का पता तब चला जब अमेरिकी स्पेस एजेंसी नासा (USA Space Agency NASA) ने एक विशाल बैलून के जरिए एक ट्रांसमिटिंग एंटिना अंटार्कटिक इम्पलसिव ट्रांसिएंट एंटीना (Antarctic Impulsive Transient Antenna/ANITA) को काफी उंचाई पर पहुंचाया. Also Read - कोरोना महामारी के बीच धरती पर आ रही एक और आफत! पृथ्वी की कक्षा में प्रवेश कर रहा यह बड़ा उल्कापिंड

इस बाबत वैज्ञानिकों का कहना है कि वैसे सामान्यत: अंतरिक्ष में मौजूद आउटर स्पेस के कण, एनर्जी पार्टिक्लस पृथ्वी पर मौजूद कण से कई लाख गुना ज्यादा ताकतवर होते हैं. जन्हें हम अक्सर नीचे आते वक्त ही ट्रैक कर पाते हैं लेकिन अंटार्कटिक इम्पलसिव ट्रांसिएंट एंटीना (Antarctic Impulsive Transient Antenna/ANITA) को आउटर स्पेस में भेजने के बाद पता चला कि यहां के कण समय में पीछे यानी उल्टा चल रहे हैं. इससे यह कहीं न कहीं साबित होता है कि हमारे पृथ्वी व ब्रह्मांड के समानान्तर कोई दूसरा ब्रह्मांड भी है जहां समय उल्टा चलता है. हालांकि इस पर अब भी कई वैज्ञानिकों की राय भिन्न है. Also Read - NASA SpaceX Launch: नासा ने रचा इतिहास, नौ साल बाद दो क्रू मेंबर के साथ लांच हुआ NASA SpaceX

वैज्ञानिकों का हमेशा से ही कई ब्रह्मांड होने के लेकर विवाद रहा है. कुछ कहते हैं कि कई ब्रह्मांड है तो कुछ इसे झुंठला देते हैं. लेकिन कुछ वैज्ञानिकों की ही अगर माने तो उनका कहना है कि 13.8 बिलियन साल पहले बिग बैंग के समय 2 ब्रह्मांडों का निर्माण हुआ था. एक तो जिस ब्रह्मांड से धरती पर रहने वाले लोग परिचित हैं और माना जा रहा है कि दूसरा ब्रह्मांड वो हो सकता है जहां समय पीछे की ओर चल रहा है. अगर यह सच है तो सालों पुरानी ब्रह्मांड की थ्योरी को काफी बल मिल जाएगा. Also Read - Coronavirus: इन तीन भारतीय कंपनियों को नासा ने दिया वेंटिलेटर विनिर्माण का लाइसेंस

हालांकि माना यह भी जाता है कि कई ब्रह्मांडों में कई पृथ्वी, सूर्य और चांद भी है. सभी ब्रह्मांडों में ये अलग अलग है. इन मामलों पर वैज्ञानिकों की अलग अलग राय भी समय समय पर जानने को मिलती रहती है. एक थ्योरी की मानें तो बड़े ब्रह्मांडों के विघटन से छोटे ब्रह्मांड पैदा हुए वहीं कुछ अन्य वैज्ञानिकों का मानना है कि जैसे ब्लैक होल का निर्माण हुआ है ठीक इसके उलटी प्रक्रिया से दूसरे ब्रह्मांडों का निर्माण हुआ है. बता दें कि समय व ब्रह्मांडों को लेकर दुनिया के प्रसिद्ध वैज्ञानिक स्टीफन हॉकिन्स ने कई रिसर्च किए थे. साल 2018 में एक स्टीफन हॉकिन्स की रिसर्च पर प्रकाशित एक अखबार में बताया गया था कि दुनिया में कई ब्रह्मांड हो सकते हैं.