PM's security breach: ex-IPS किरण बेदी ने इन सीनियर अफसरों की गैरमौजूदगी को बताया पहली चूक

पंजाब में पीएम नरेंद्र मोदी के फिरोजपुर दौरे में हुई सुरक्षा चूक पर पूर्व आईपीएस अधिकारी किरण बेदी ने सीनियर अधिकारियों की अनुपस्‍थति पर सवाल उठाते हुए पूछा है क्‍या कोई घात लगाने का प्‍लान था?

Published: January 8, 2022 7:56 PM IST

By Laxmi Narayan Tiwari

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पंजाब में पीएम नरेंद्र मोदी के फिरोजपुर दौरे में हुई सुरक्षा चूक पर पूर्व आईपीएस अधिकारी किरण बेदी ने पूछा सीनियर अधिकारियों की अनुपस्‍थति पर सवाल उठाया है.

PM’s security breach: पंजाब में बीते 5 जनवरी को पीएम नरेंद्र मोदी के फिरोजपुर दौरे के दौरान हुई सुरक्षा चूक को लेकर पूर्व आईपीएस अधिकारी (ex-IPS officer) किरण बेदी ( Kiran Bedi) ने राज्‍य के डीजीपी, मुख्‍य सचिव, गृह सचिव और कलेक्‍टर की गैरमौजूदगी को पहली चूक बताया है. पूर्व आईपीएस अधिकारी किरण बेदी ने राज्‍य के अधिकारियों की अनुपस्‍थति पर सवाल उठाते हुए पूछा है क्‍या कोई घात लगाने का प्‍लान था? उन्‍होंने कहा, रुकने के लिए सबसे खतरनाक जगह ब्रिज (फ्लाईओवर) है. इसके नीचे कोई भी बम लगा सकता है.

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पूर्व IPS किरण बेदी ने कहा, पुल रुकने के लिए एक खतरनाक जगह है क्योंकि पुल को बम से आसानी से उड़ा सकते हैं. सुरक्षा में सबसे बड़ी चूक वहां डीजीपी (DGP) का न होना था. गृह और मुख्य सचिव एवं ज़िलाधिकारी भी वहां मौज़ूद नहीं थे. साफ तौर पर PM पर सुनियोजित तरीके से हमले का मामला लगता है.

पीएम मोदी की के सुरक्षा उल्लंघन पर पांडिचेरी की उपराज्‍यपाल रह चुकी पूर्व आईपीएस अधिकारी किरण बेदी ने कहा, सबसे पहला सुरक्षा उल्लंघन डीजीपी, मुख्य सचिव, गृह सचिव और कलेक्टर की अनुपस्थिति थी. क्या कोई योजना थी घात लगाना? रुकने के लिए सबसे खतरनाक जगह ब्रिज (फ्लाईओवर) है. इसके नीचे कोई भी बम लगा सकता है.

फिरोजपुर के एसएसपी सहित 7 आईपीएस अफसरों के पंजाब में तबादले

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की सुरक्षा में चूक का मामला गर्माने के बाद पंजाब की सरकार ने राज्‍य सरकार ने शनिवार को नए डीजीपी की नियुक्ति की है. इसके साथ ही पंजाब सरकार ने शनिवार को फिरोजपुर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) हरमनदीप सिंह हंस समेत सात आईपीएस अधिकारियों के तबादले कर दिए. आईपीएस अधिकारी हंस को लुधियाना स्थित तृतीय आईआरबी का कमांडेंट बनाया गया है. आईपीएस अधिकारी नरिंदर भार्गव को बतौर एसएसपी फिरोजपुर की कमान सौंपी गई.

पीएम नरेंद्र मोदी की सुरक्षा में बुधवार को हुई चूक के दौरान हंस ही फिरोजपुर के एसएसपपी थे. हुसैनीवाला जा रहे प्रधानमंत्री नरेंद्र का काफिला प्रदर्शनकारियों की नाकेबंदी के कारण एक फ्लाईओवर पर फंस गया था और मोदी को किसी कार्यक्रम या रैली में शामिल हुए बिना दिल्ली लौटना पड़ा था. फिरोजपुर में मोदी की सुरक्षा में ‘गंभीर चूक’ की जांच के लिए केंद्रीय गृह मंत्रालय द्वारा गठित तीन सदस्यीय पैनल के समक्ष शुक्रवार को कई वरिष्ठ पुलिस और सिविल अधिकारी पेश हुए थे, जिनमें हंस भी शामिल थे.

फिरोजपुर में सड़क को अवरुद्ध करने वाले संगठन ‘भारतीय किसान संघ (क्रांतिकारी)’ के प्रमुख सुरजीत सिंह फूल ने कहा था कि फिरोजपुर के एसएसपी ने ही उन्हें सूचित किया था कि नरेंद्र मोदी सड़क मार्ग से आ रहे हैं. फूल ने कहा था, लेकिन, हमने सोचा था कि सड़क खाली कराने के लिए (अधिकारी द्वारा) छल किया जा रहा है. इस बीच, जिन अन्य पुलिस अधिकारियों का तबादला किया गया है उनमें नौनिहाल सिंह भी शामिल हैं. उन्हें जालंधर का पुलिस आयुक्त नियुक्त किया गया है. ए.के. मित्तल को रूपनगर का पुलिस महानिरीक्षक तथा सुखचैन सिंह को अमृतसर का आयुक्त नियुक्त किया गया है. नानक सिंह गुरदासपुर और अलका मीणा बरनाला का एसएसपी बनाया गया है. दो पीपीएस अधिकारियों -हरकमलप्रीत सिंह खाख और कुलजीत सिंह- को नए पदस्थापन आदेश दिए गए हैं.

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Published Date: January 8, 2022 7:56 PM IST