Punjab Assembly Election 2022: पंजाब में 20 फरवरी को एक चरण में होने वाले विधानसभा चुनाव (Punjab Polls) के लिए सभी पार्टियां अपने उम्मीदवारों की घोषणा कर रही है. इसी कड़ी में शिरोमणि अकाली दल (SAD) ने पार्टी नेता बिक्रम सिंह मजीठिया (Bikram Singh Majithia) को नवजोत सिंह सिद्धू (Navjot Singh Sidhu) को उतारने का ऐलान किया है. SAD प्रमुख सुखबीर सिंह बादल (Sukhbir Singh Badal) ने कहा कि कांग्रेस नेता नवजोत सिंह सिद्धू के खिलाफ पार्टी ने बिक्रम सिंह मजीठिया को अमृतसर (पूर्व) से मैदान में उतारा है. मालूम हो कि बिक्रम मजीठिया अमृतसर जिले की मजीठा विधानसभा सीट का प्रतिनिधित्व करते हैं. वह दोनों सीटों से चुनाव लड़ेंगे.Also Read - नवजोत सिंह सिद्धू की सुरक्षा में चूक, ड्रग्स मामले के आरोपी के साथा साझा किया बैरक

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SAD प्रमुख सुखबीर बादल ने कहा कि शिरोमणि अकाली दल (SAD) के संरक्षक और पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल (Parkash Singh Badal) लंबी सीट से पंजाब विधानसभा चुनाव लड़ेंगे. मालूम हो कि पंजाब की 117 सदस्यीय विधानसभा चुनाव के लिए पहले मतदान की तारीख 14 फरवरी रखी गई थी, जिसे बाद में 20 फरवरी कर दिया गया. मतों की गिनती 10 मार्च को होगी. Also Read - Petrol-Diesel के रेट घटने पर कांग्रेस का वार, कहा- दो महीने में ही मोदी सरकार ने 10 रुपये बढ़ाए थे दाम, ये सिर्फ आंकड़ों की बाजीगरी

एक दिन पहले ही शिरोमणि अकाली दल प्रमुख सुखबीर सिंह बादल ने दावा किया कि अगले महीने होने वाले पंजाब चुनावों में सत्तारूढ़ कांग्रेस को हार का सामना करना पड़ेगा, जबकि उनकी पार्टी के नेतृत्व वाला गठबंधन 80 से अधिक सीटों पर जीत हासिल करेगा. उन्होंने दावा किया कि आम आदमी पार्टी को 10 से कम सीटें जीतेगी. शिरोमणि अकाली दल (SAD) बहुजन समाज पार्टी (BSP) के साथ गठबंधन में चुनाव लड़ रहा है. दोनों पार्टियों के बीच सीट बंटवारे के समझौते के मुताबिक, बसपा पंजाब की 117 विधानसभा सीटों में से 20 पर चुनाव लड़ रही है, जबकि बाकी पर शिअद लड़ेगी. बादल ने शिअद-बसपा गठबंधन के 80 से अधिक सीटें जीतने का दावा करते हुए कहा, ‘कांग्रेस पूर्ण हार की ओर बढ़ रही है. ‘आप’ दोहरे अंक को नहीं छू पाएगी.’

बादल ने दावा किया कि शिअद एकमात्र ऐसी पार्टी है, जिसे पंजाब के लोगों के लिए वास्तविक चिंता है, जबकि ‘आप’ और कांग्रेस जैसी पार्टियों के फैसले दिल्ली में बैठे उनके पार्टी आलाकमान द्वारा लिए जाते हैं. बादल ने कहा, ‘इन पार्टियों को राज्य के लिये कोई वास्तविक दर्द, वास्तविक चिंता नहीं है. उनका एकमात्र उद्देश्य सत्ता हथियाना है, लेकिन पंजाब को आगे ले जाना नहीं है. यहां तक ​​कि लुधियाना के लोग शिअद के सत्ता में रहने के दौरान हुए विकास को जानते हैं.’ उन्होंने कहा कि वह पिछले तीन महीने से पंजाब का दौरा कर रहे हैं और लोगों की नब्ज पहचानते हैं.

(इनपुट: ANI, भाषा)