नई दिल्ली: राजस्थान में सियासी संकट गहराया हुआ है. सीएम अशोक गहलोत (Ashok Gahlot) का दावा है कि उनके पास बहुमत है. विधायक पर्याप्त संख्या में उनकी पार्टी के पास हैं, लेकिन अभी भी स्थिति साफ़ नहीं है. स्थिति बार-बार बदल रही है. कांग्रेस ने अपने समर्थक विधायकों को जयपुर में एक होटल में रखा है. Also Read - कांग्रेस को फिर लगा बड़ा झटका, पूर्व मंत्री सहित दो बड़े नेताओं ने छोड़ी पार्टी, भाजपा में हुए शामिल

इसी बीच भारतीय ट्राइबल पार्टी (Bhartiya Tribal Party) ने भी अशोक गहलोत को झटका दिया है. पार्टी ने अपने दो विधायकों को पत्र जारी कर किया है, जिसमें दोनों विधायकों को अशोक गहलोत के पक्ष में वोटिंग नहीं करने को कहा गया है. हालाँकि पत्र में कहा गया है कि ‘राजस्थान राज्य के 15वीं विधानसभा के वर्तमान राजनितिक संकट में विधानसभा फ्लोर टेस्टिंग (Floor Test in Rajasthan) में न तो कांग्रेस को वोट देंगे और न ही बीजेपी को वोट देंगे. न ही अशोक गहलोत को वोट देंगे और न ही सचिन पायलट (Sachin Pilot) को वोट देंगे. Also Read - मध्य प्रदेश में अब कांग्रेस कर रही 'शुद्धिकरण', इन इलाकों में घर-घर बांटेगी गंगाजल

पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष महेश भाई सी. वसावा की ओर से कहा गया है कि दोनों विधायक तटस्थ रहेंगे. यदि पार्टी के व्हिप के आदेश को अनदेखा करते पाए जाएंगे तो पार्टी की ओर से अनुशानात्मक कार्यवाही की जाएगी. Also Read - रक्षा मंत्रालय ने चीनी 'घुसपैठ' से जुड़ी रिपोर्ट वेबसाइट से क्यों हटाई, सरकार बताए वास्तविक स्थिति: कांग्रेस

बता दें कि राष्ट्रीय ट्राइबल पार्टी के राजकुमार रोत चौरासी विधानसभा क्षेत्र से विधायक हैं. इसके साथ ही राम प्रसाद डिंडोर सागवाड़ा विधानसभा क्षेत्र से विधायक हैं. पार्टी के कुल दो सदस्य हैं. ये दोनों विधायक इस पत्र के लिखे जाने से पहले तक अशोक गहलोत के साथ थे. अब पार्टी के आदेश के बाद ये विधायक क्या करते हैं, ये देखने वाली बात होगी.