जयपुर: राजस्थान सरकार केंद्र द्वारा हाल ही में पारित कृषि संबंधी कानूनों के खिलाफ पंजाब सरकार की तर्ज पर 31 अक्टूबर को संशोधन विधेयक लाएगी. कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल ने रविवार को यह जानकारी दी. उन्होंने ट्वीट किया,‘‘ पंजाब के बाद, राजस्थान सरकार भी केंद्र सरकार द्वारा पारित तीन कृषि विधेयकों के किसान विरोधी प्रावधानों का ‘निष्प्रभावी’ करने के लिए 31 अक्टूबर को विधेयक पारित करेगी.’’Also Read - Manipur Polls 2022: मणिपुर में विधानसभा चुनाव से पहले TMC का एकमात्र विधायक BJP में शामिल

वेणुगोपाल ने लिखा है,‘‘कांग्रेस हमारे किसानों एवं उनके हकों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है.’’ उल्लेखनीय है कि राजस्थान विधानसभा की बैठक 31 अक्टूबर से फिर आहूत की गयी है. विधानसभा सचिवालय ने शनिवार को इस बारे में अधिसूचना जारी की . इसके अनुसार विधानसभा के पांचवें सत्र की बैठक 24 अगस्त को अनिश्चित काल के लिए स्थगित कर दी गई थी वह अब 31 अक्टूबर हो पुनः होगी. Also Read - Punjab विधानसभा चुनाव पर Zee Opinion Poll की खास बातें, किस पार्टी को कितनी सीटें? कौन सबसे पसंदीदा सीएम, जानें सबकुछ

अधिसूचना के अनुसार विधानसभाध्यक्ष डॉ सीपी जोशी ने सदन की यह बैठक राज्य सरकार द्वारा अति आवश्यक शासकीय विधाई कार्य संपादित किए जाने हेतु की गई अनुशंसा पर बुलाई है. हालांकि वेणुगोपाल के ट्वीट से यह स्पष्ट हो गया कि कांग्रेस सरकार इस दौरान केंद्र सरकार द्वारा हाल ही में पारित कृषि संबंधी विधेयकों का राज्य में प्रभाव ‘निष्प्रभावी’ करने के लिए संशोधन विधेयक लाएगी. Also Read - Zee Opinion Poll 2022: पंजाब में त्रिशंकु विधानसभा के आसार! AAP हो सकती है सबसे बड़ी पार्टी, SAD को बड़ा फायदा

उल्लेखनीय है कि राज्य मंत्री परिषद की इसी सप्ताह हुई बैठक में इस बारे में फैसला किया गया था. बैठक के बाद जारी बयान में कहा गया था,’मंत्री परिषद ने यह निर्णय किया कि किसानों के हितों को संरक्षित करने के लिए शीघ्र ही विधानसभा का विशेष सत्र बुलाया जाए. इस सत्र में भारत सरकार द्वारा लागू किए गए कानूनों के प्रभाव पर विचार-विमर्श करके राज्य के किसानों के हित में वांछित संशोधन विधेयक लाया जाएं.’’

मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने भी पिछले मंगलवार को ट्वीट किया था,‘‘आज पंजाब की कांग्रेस सरकार ने इन कानूनों के विरुद्ध बिल पारित किये हैं और राजस्थान भी शीघ्र ऐसा ही करेगा.’ भाजपा ने इस मुद्दे को लेकर कांग्रेस पर निशाना साधा है. पार्टी के अनुसार केन्द्र द्वारा लाये गये कृषि कानून को राज्य सरकार द्वारा लागू नहीं करने से किसानों को नुकसान होगा. पार्टी प्रवक्ता रामलाल शर्मा ने कहा,’राज्य की सरकार किसान हितैषी नहीं है इसलिए वह केन्द्र सरकार के कृषि कानून लागू नहीं कर रही है.’