Rajasthan News: राजस्थान के उदयपुर में 21 दिव्यांग जोड़ों ने कोरोना के उचित व्यवहार के बारे में जागरूकता फैलाने के साथ ही सामाजिक जागरूकता अभियान के तहत ‘नो टू डाउरी’ (दहेज को ना) का समर्थन करने का संकल्प लिया. उदयपुर शहर में एक सामूहिक विवाह समारोह में शादी के बंधन में बंधने को तैयार 21 दिव्यांग और वंचित जोड़ों ने फैसला किया कि वह दहेज नहीं लेने के लिए लोगों को प्रोत्साहित करेंगे. इस दौरान यह दिव्यांग जोड़े कोविड महामारी को देखते हुए सोशल डिस्टेंसिंग के सभी मानदंडों का पालन करेंगे, खुद भी मास्क पहनेंगे और दूसरों को भी यह संदेश देंगे. नारायण सेवा संस्थान (NSS) के अध्यक्ष प्रशांत अग्रवाल ने यह जानकारी दी.Also Read - सामूहिक विवाह समारोह में शादी के बंधन में बंधें 21 जोड़े, 'दहेज को ना' का लिया संकल्प

उन्होंने कहा कि NSS सितंबर में 36वीं सामूहिक शादी का आयोजन करेगा. हमारी टीम चल रही महामारी के दौरान सभी सुरक्षा उपायों का पालन करने के लिए पूरी तरह से तैयार है. हमारी रणनीति किसी भी खतरे से बचने के लिए सोशल डिस्टेंसिंग के मानदंडों का पालन करना है. आगामी सामूहिक विवाह समारोह की योजना बनाई गई है, जहां एक सामाजिक जागरूकता अभियान दहेज को ना कहें के साथ शादी के दौरान जोड़े और शुभचिंतक मास्क पहनकर एक-दूसरे से दूरी बनाए रखेंगे. Also Read - सामूहिक विवाह समारोह में शादी के बंधन में बंधेंगे 21 जोड़े, 'दहेज को ना' का लेंगे संकल्प

इससे पहले 2020 में कुल 47 अलग-अलग दिव्यांग, वंचित जोड़े यहां एक सामूहिक विवाह समारोह में शादी के बंधन में बंध गए थे. यहां 35वें सामूहिक विवाह समारोह तक शारीरिक रूप से अक्षम 2098 जोड़े शादी के बंधन में बंध चुके हैं. Also Read - Dulhan Ka Shadi Se Inkaar: दरवाजे पर पहुंचने के बाद बारातियों ने किया कुछ ऐसा...दुल्हन ने शादी से कर दिया इनकार, दूल्हे पर भी केस दर्ज- जानें पूरा मामला

इसके साथ-साथ NSS अब जयपुर, अमरोहा, उदयपुर, मथुरा, भुवनेश्वर और कैथल में भी जरूरतमंदों को कोविड की लहर से लड़ने के लिए राशन किट वितरित करेगा. इन शिविरों में ‘मास्क है जरूरी’ जैसे अभियान के तहत सोशल डिस्टेंसिंग और मास्क पहनने के नियमों का सख्ती से पालन करने की अपील भी की जा रही है. बता दें कि कोरोना संकट के दौर में भी नारायण सेवा संस्थान ने जरूरतमंदों की मदद के लिए तमाम तरह के प्रयास किए हैं.

(इनपुट: IANS)