म्यूजिक के बारे में अक्सर कहा जाता है कि जब आप इसे फील करने लगते हैं तो अपना दर्द तक भूल जाते हैं. ये बातें ऐसे ही नहीं कही गई होंगी. इसके पीछे कई जीवांत उदाहरण रहे होंगे. हमारे देश की आजादी में गीतों और कविताओं ने काफी अहम भूमिका निभाई थी. आजादी के दीवानों ने कविता, गीत, तराने, नज्म, गजल आदि के माध्यम से क्रांति की ज्वाला को जलाए रखा. हालांकि गीत संगीत का योगदान हमारे ही देश में नहीं बल्कि कई अन्य ऐसों देशों में भी रहा जिन्होंने कभी ‘गुलामी’ देखी थी.

ऐसा ही एक गीत है ‘बेला चाओ’ (bella ciao). दरअसल मेरे हिसाब से वन ऑफ द बेस्ट वेब सीरीज मनी हीस्ट (Money Heist) का चौथा पार्ट अनाउंस हो गया है. ये सीजन अगले साल 3 अप्रैल (3rd April 2020) को आएगा. यह एक स्पैनिश सीरीज है जिसका असली नाम कासा दी पेपेल (Casa de Papel) है. जिसका हिंदी अर्थ ‘कागज का घर’ है. इस ड्रामा सीरीज को पूरी दुनिया में बहुत ज्यादा पसंद किया गया है.

हालांकि हम इसकी कहानी और कैरेक्टर्स के बारे में फिर कभी बात करेंगे आज हम इसके एक बेहद फेमस सॉन्ग ‘बेला चाओ’ की बात करते हैं. यूट्यूब पर Hardwell & Maddix ने इसका रीमिक्स वर्जन डाला है जिसे हेडफोन लगाकर अगर सुनेंगे तो जोश से भर जाएंगे. लेकिन ये गाना अभी का नहीं है. इसने बहुत लंबी यात्रा तय की है. आज हम केवल जोश-जोश में इसे गाने लगते हैं लेकिन इसका बहुत बड़ा इतिहास रहा है.

मैंने जब से ये सीरीज देखी है तब से ये गाना मेरे दिमाग में हमेशा बजता रहता है. ये गाना मनी हीस्ट सीरीज के केंद्र में है. सीरीज का मेन कैरेक्टर प्रोफेसर (माय सेकेंड फेवरेट, फर्स्ट के बारे में आगे बात करूंगा) बोले तो अल्वारो मोर्टे सीरीज में अपनी टीम को अपने दादा के बारे में बताता है और कहता है कि उन्होंने 1940 और 1950 के बीच इटली में नाजियों से लड़ाई लड़ी थी. दरअसल प्रोफेसर की ये लाइन इस गाने को लेकर बड़ा हिंट देती है कि ये गाना कहां से आया!

ये गाना ग्रामीण इटली में लोक गीत के तौर पर गाया जाता था और मोदीना (Modine) की दुर्दशा के बारे में बाताता था. मोदीना इटैलियन शब्द है जिसका मतलब चावल निकालने वाला (Rice-weeder) होता है. इटली की पो बेसिन नदी (Po River Basin) के किनारे लेट नाइन्टीज में इन चावल निकालने वालों की हालत बहुत खराब थी. (Po के चारों ओर की विशाल घाटी को Po बेसिन या Po Valley कहा जाता है.)

ये लोग इटली में पूर्व-औद्योगिक युग में गरीबी और कठिन श्रम परिस्थितियों के प्रतीक थे. हालांकि इस बारे में किसी को कोई पुख्ता जानकारी नहीं है कि ये गाना किसने लिखा था. लेकिन उस दशक में इसके लिरिक्स कुछ और तरह से गाए जाते थे. कुछ दशकों बाद इटली में मुसोलिनी का फासीवादी राज्य लोगों के जीवन पर हावी हो गया और जिसके बाद इटली में एक नए प्रतिरोध आंदोलन (Resistance movements) का जन्म हुआ. इस आंदोलन के ही साथ ‘बेल्ला चाओ’ भी नए तरीके से विकसित हुआ. पहले ये गाना गरीबों का था जो अपनी दुर्दशा के बारे में इसके जरिए बताते थे. इस गाने के पुराने वर्जन (Mondine version) के कुछ लिरिक्स इस प्रकार हैं-

In the morning I got up
oh bella ciao, bella ciao, bella ciao, ciao, ciao (Goodbye beautiful)
In the morning I got up
To the paddy rice fields, I have to go
And between insects and mosquitoes.

लेकिन समय के साथ फासीवाद और उसके आधिपत्य के खिलाफ लड़ाई को दर्शाने के लिए इसके शब्दों (लिरिक्स) में बदलाव आया. अब ये गाना ‘el partizano’ की बात करने लगा. एल पार्तीजानो एक फासीवाद-विरोधी मिलिशिया यानी युवा सैनिकों की एक फौज थी जो छिप-छिपकर प्रदर्शनों में हिस्सा लेती थी.

अब अंग्रेजी में गाने के (नए वर्जन के) लिरिक्स पढ़िए.

One morning I awakened
Oh Goodbye beautiful, Goodbye beautiful, Goodbye beautiful! Bye! Bye!
One morning I awakened
And I found the invader

Oh partisan carry me away
Oh Goodbye beautiful, Goodbye beautiful, Goodbye beautiful! Bye! Bye!
Oh partisan carry me away
Because I feel death approaching. (मैं कहूंगा कि आप गूगल करके इसके पूरे लिरिक्स जरूर पढ़िए, बहुत पावरफुल हैं.)

खैर.. बेल्ला चाओ इटली में अचानक उन लोगों की नब्ज गया जो बदलाव और आजादी के लिए फाइट कर रहे थे. यही नहीं आगे चलकर ये गाना विश्व युद्ध 2 के बाद इटली की ब्रांडिंग के लिए भी इस्तेमाल हुआ जब इटली ने नाजियों के साथ अपने सहयोग को भूलाकर आगे बढ़ने की कोशिश की. लेकिन समय के साथ ये गाना लगातार विकसित होता गया.

यूरोप में मौजूद अनेकों दिग्गज फुटबॉल क्लब्स के लिए एंथम बन गया. अनेकों म्यूजीशियन्स ने इसे अपने-अपने तरीकों से ढाला और कंपोज किया. दुनिया के मोस्ट आइकॉनिक म्यूजीशियन्स में से एक टॉम वेट्स ने इसे बेहद ही खूबसूरत तरीके से तैयार किया जो कि यूट्यूब पर काफी वायरल हुआ लेकिन यहां हम Steve Aoki को कैसे भूल सकते हैं. लंबी जुल्फो वाले इस म्यूजीशियन्स का बेला चाओ सुनकर जोश आ जाता है. हालांकि इन सबके वाबजूद इस गाने में अभी भी विद्रोह और अवज्ञा की वो झलक बाकी है जो कभी इटली की नदी के किनारे उन चावल निकालने वालों ने इसमें भरी थी.

ग्रीस में जब 2015 में लेफ्ट विंग सिरिजा पार्टी (Syriza Party) ने सत्ता हासिल की थी तब लाखों समर्थकों ने सड़कों पर निकलकर इस गाने के साथ जश्न मनाया था. इसके अलावा बार्सीलोना में कैटलन इंडिपेंडेंस प्रोटेस्ट के दौरान भी इस गाने को हजारों की संख्या में लोगों ने प्रदर्शन के तौर पर इस्तेमाल किया था. इस साल फ्रांस में हुए येलो वेस्ट मूवमेंट (yellow vest movement) में भी ये गाना प्रदर्शनकारियों के लिए प्रदर्शन करने का एक तरीका था.

और अब मनी हीस्ट की वर्ल्ड वाइड पॉपुलैरिटी के बाद ये गाना आज की नई युवा पीढ़ी के दिलो-दिमाग में उतर गया है. ऐसा मैं नहीं बल्कि सीरीज का सबसे धांसू कैरेक्टर पेड्रो अलोंसो यानी बर्लिन एक इंटरव्यू में खुद कहता है. बर्लिन मेरा इस सीरीज का सबसे फेवरेट कैरेक्टर है. इस स्पैनिश एक्टर की एक्टिंग की जितनी भी तारीफ की जाए वो कम है. अपने चलने के अंदाज और डायलॉग डिलीवरी से वो किसी को भी अपना मुरीद बना सकता है. बहुत से लोगों ने अभी ये सीरीज नहीं देखी होगी इसलिए मैं आपको स्पॉयलर नहीं दूंगा. लेकिन बर्लिन का अपना खुद का खास अंदाज है जिसका मुरीद खुद प्रोफेसर होता है. प्रोफेसर और बर्लिन का संवाद सीरीज ही नहीं बल्कि जिंदगी का भी सार हैं.

खैर, बात हो रही थी बर्लिन के इंटरव्यू की. बर्लिन यानी पेड्रो अलोंसो कहते हैं, “यह सच है कि पोएम का म्यूजिक और लिरिक्स कभी-कभी उस म्यूजिक और लिरिक्स से ज्यादा मायने रखते हैं. हमारे पश्चिमी समाज ने अच्छा काम नहीं किया है. इस गाने के जरिए किसी को भी सिस्टम को सुधारने के लिए विद्रोह करने और रॉबिन हुड बनने की ताकत मिलती है.” शायद ही किसी को इस बात का अंदाजा रहा हो कि ये गाना इतना फेमस हो जाएगा! हो सकता है कि ये इसलिए भी ऐसा हो क्योंकि इस गाने को किसी भी बीट के साथ फिट किया जा सकता है. इसे फास्ट और स्लो दोनों वर्जन में सुना जा सकता है. या फिर इस गाने का हुक (बेल्ला चाओ.. बेल्ला चाओ) जिसे गाने पर कुछ अजीब सी फीलिंग आती हो.

इस गाने के पीछे छिपी जो भी सीक्रेट मिस्ट्री हो लेकिन एक बात तो पक्की है कि चाहे मनी हीस्ट खत्म हो जाए और दुनिया आगे बढ़ जाए और अगले किसी वायरल संसेशन को अपना ले लेकिन गरीबी से ग्रस्त इटली के उन धान निकालने वालों की जुबां से निकला ये गीत हमेशा अमर रहेगा. भले ही इसके शब्द बदलते रहें, भले ही ये अलग-अलग जगहों पर अलग-अलग प्रतिरोध के लिए इस्तेमाल किया जाए लेकिन इसकी धुन हमेशा अमर रहेगी.