‘तन्हाई’ एक ऐसा लफ़्ज़ जो पूरे जिस्म में कुछ पल के लिए सिहरन पैदा करने की हिम्मत रखती है. हर इंसान अपनी ज़िंदगी में कुछ वक़्त के लिए ऐसे मोड़ पर या ऐसे रास्ते पर ज़रूर होता है जहां उसके साथ महज़ तन्हाई सांस लेती है. तन्हा या अकेला रहना एक अजीब सी किस्म की अनुभूति देता है. आज हम आपके लिए वो शायरी लाए हैं जो आपके अंदर के तन्हाई या अकेलेपन को भरने में आपकी मदद कर सकेगी. तन्हाई में जीने का एक नया अनुभव देने की सलाहियत रखने वाली इन शायरी से यक़ीनन आप बात कर सकेंगे. Also Read - रौशनी है किसी के होने से... पढ़िए 'रौशनी' पर कुछ चुनिंदा शायरी

यहां पढ़िए ‘तन्हाई’ पर 10 चुनिंदा शायरी 

1. ख़्वाब की तरह बिखर जाने को जी चाहता है
ऐसी तन्हाई कि मर जाने को जी चाहता है
इफ़्तिख़ार आरिफ़ Also Read - Shayari in Hindi 2020: दुआ करो कि मैं उस के लिए दुआ हो जाऊँ... पढ़िए दुआ पर बेहतरीन शायरी

2. मुझे तन्हाई की आदत है मेरी बात छोड़ें
ये लीजे आप का घर आ गया है हात छोड़ें
जावेद सबा Also Read - कहीं अबीर की ख़ुश्बू कहीं गुलाल का रंग... पढ़िए और भेजिए 'होली' पर ये चुनिंदा शायरी  

3. अब तो उन की याद भी आती नहीं
कितनी तन्हा हो गईं तन्हाइयाँ
फ़िराक़ गोरखपुरी

4. एक महफ़िल में कई महफ़िलें होती हैं शरीक
जिस को भी पास से देखोगे अकेला होगा
निदा फ़ाज़ली

तन्हाई पर 10 बेहतरीन शेर- Tanhai Shayari in Hindi

5. तन्हाइयाँ तुम्हारा पता पूछती रहीं
शब-भर तुम्हारी याद ने सोने नहीं दिया
अज्ञात

6. तन्हाई में करनी तो है इक बात किसी से
लेकिन वो किसी वक़्त अकेला नहीं होता
अहमद मुश्ताक़

7. कुछ तो तन्हाई की रातों में सहारा होता
तुम न होते न सही ज़िक्र तुम्हारा होता
अख़्तर शीरानी

8. इक सफ़ीना है तिरी याद अगर
इक समुंदर है मिरी तन्हाई
अहमद नदीम क़ासमी

9. भीड़ के ख़ौफ़ से फिर घर की तरफ़ लौट आया
घर से जब शहर में तन्हाई के डर से निकला
अलीम मसरूर

10. मकाँ है क़ब्र जिसे लोग ख़ुद बनाते हैं
मैं अपने घर में हूँ या मैं किसी मज़ार में हूँ
मुनीर नियाज़ी