नई दिल्ली. दुनियाभर में प्रेम का प्रतीक कहे जाने वाले ताज महल के प्रशंसकों लिए बुरी खबर है. टर्नस्टाइल गेट्स के सफल परीक्षण के बाद, ताजमहल में दर्शकों के लिए 3 घंटे का प्रतिबंध समय लागू किया गया है. ताज महल में तीन घंटे से अधिक समय बिताने वाले दर्शकों से अब अतिरिक्त शुल्क लिया जाएगा, क्योंकि तीन घंटे की सीमा लागू करने वाला नोटिस जारी हो गया है.

ताज के दीदार के लिए वक्त की पाबंदी वाले इस नियम को लागू करने से पहले आपको यह भी बता दें कि अभी कुछ ही दिन पहले ताजमहल का प्रवेश शुल्क भी बढ़ा दिया गया था. अब इसके बाद टिकट लेने के सिर्फ तीन घंटे तक के लिए ताज महल परिसर में घूमने के नियम से सैलानियों और स्थानीय लोगों में नाराजगी देखी जा रही है. लोगों का कहना है कि महंगी टिकट लेकर भी लोग ताजमहल में केवल तीन घंटे ही रह सकते हैं. गौरतलब ताजमहल के दीदार के लिए बढ़ती भीड़ को नज़र मे रखते हुए यह फैसला लिया गया है.

टाइम्स ऑफ इंडिया में छपी रिपोर्ट के मुताबिक, इस कदम की पुष्टि करते हुए सुपरिन्टेन्ड आर्कियोलॉजिस्ट, ए.एस.आई (आगरा सर्कल), वसंत स्वर्णकार ने कहा, ” प्रवेश समय से बाहर निकलने तक के तीन घंटे के प्रतिबंध को रविवार से सख्ती से लागू किया जा रहा है.” उन्होंने कहा कि ताजमहल में 14 गेट्स हैं. इसमें पूर्व और पश्चिम में 7 गेट्स स्मारक प्रवेश करने के लिए है और 10 गेट्स जिनमें से पांच गेट्स लोगों के बाहर निकलने के लिए है. स्वर्णकार ने कहा कि टर्नस्टाइल गेट्स के ट्रायल रन का अनुभव अच्छा रहा. शनिवार को, जब लगभग 50,000 दर्शकों ने 17वीं सदी के स्मारक ताज महल का दौरा किया, तो सिस्टम ने बिना किसी परेशानी के काम किया.

स्वर्णकार ने कहा, “यदि दर्शक अपनी समय सीमा तीन घंटे से अधिक बढ़ाते हैं, तो उनसे टिकट के बराबर अतिरिक्त शुल्क लिया जाएगा, जिसे निकास द्वार पर देना होगा. प्रवेश समय भी लागू किया जाएगा और यदि पर्यटक निर्धारित समय पर नहीं आते हैं, तो उन्हें प्रवेश की अनुमति नहीं होगी और उन्हें एक नया टिकट खरीदना होगा.” पिछले साल, 10 दिसंबर को, ए.एस.आई ने ताजमहल के मुख्य मकबरे में प्रवेश करने के लिए 200 रुपए का एक अलग टिकट पेश किया था.